Operation RAGEPILL को हाथ लगी बड़ी सफलता, जिहादी ड्रग की लम्बी खेप बरामद

Operation RAGEPILL

Captagon से देश के भविष्य को अंधकार की ओर धकेल रहे थे जेहादी

NCB की सफलता से गृहमंत्री अमित शाह खुश, 182 करोड़ की दवा बरामद

Operation RAGEPILL : थूक जिहाद, लव जिहाद और जंग-ए-जिहाद से जूझ रहे हिंदुस्तान में एक और जिहाद की खबर सामने आई है। ड्रग जिहाद के नाम से सीमा पार बसे और देश के अंदर जहर भरने वालों ने देश में प्रतिबंधित दवाओं की बड़ी मात्रा बरामद की है। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए देश की बाजारो में खपने को तैयार 182 करोड़ रुपये की दवाओं का बड़ा जखीरा बरामद किया है। इस बरामदगी से केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह खुश तो हैं, लेकिन एक सवाल फिर देश में परसने लगी कि  देश को बर्बाद करने के लिए जेहादी कौन-कौन सा तरीका ईजाद करेंगे?

🇮🇳 अमित शाह ने क्या कहा?

केंद्रीय गृहमंत्री Amit Shah ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि मोदी सरकार ड्रग्स के खिलाफ ‘Zero Tolerance Policy’ पर काम कर रही है। उन्होंने लिखा कि Operation RAGEPILL के तहत पहली बार Captagon जैसी खतरनाक ड्रग्स को जब्त किया गया है, जो मिडिल ईस्ट भेजी जा रही थी। इस ऑपरेशन में एक विदेशी नागरिक की गिरफ्तारी भी हुई है।

क्या है Captagon ड्रग?

Captagon एक सिंथेटिक ड्रग है, जिसका वैज्ञानिक नाम Fenethylline है। इसे 1960 के दशक में Attention Disorders और Narcolepsy जैसी बीमारियों के इलाज के लिए विकसित किया गया था। हालांकि बाद में इसके अत्यधिक नशे और लत लगाने वाले प्रभावों को देखते हुए इस दवा पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंध लगा दिया गया।आज यह ड्रग अवैध रूप से तैयार की जाती है और कई देशों में इसका इस्तेमाल गैरकानूनी गतिविधियों में होने के आरोप लगते रहे हैं।

क्यों कहा जाता है ‘जिहादी ड्रग’?

Captagon को अक्सर ‘जिहादी ड्रग’ कहा जाता है। सुरक्षा एजेंसियों और अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट्स के अनुसार, इस ड्रग का उपयोग कुछ आतंकी संगठनों और अपराध नेटवर्क द्वारा किया जाता रहा है। बताया जाता है कि यह ड्रग व्यक्ति में अत्यधिक ऊर्जा, आक्रामकता और लंबे समय तक जागने की क्षमता पैदा करती है। इसी कारण इसे संघर्ष वाले क्षेत्रों में अवैध रूप से इस्तेमाल किए जाने की बातें सामने आती रही हैं। हालांकि सभी मामलों में इसके उपयोग को लेकर अलग-अलग जांच एजेंसियों के दावे और रिपोर्ट्स मौजूद हैं।

भारत के लिए क्यों अहम है यह कार्रवाई?

भारत में पहली बार इतनी बड़ी मात्रा में Captagon पकड़ा जाना सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। इससे यह संकेत भी मिलता है कि अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क भारत को ट्रांजिट रूट के रूप में इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे थे। NCB की इस कार्रवाई से ड्रग्स तस्करी के खिलाफ भारत की सख्त नीति का संदेश गया है।

ड्रग्स के खिलाफ सख्त अभियान

पिछले कुछ वर्षों में भारत में ड्रग्स के खिलाफ कई बड़े ऑपरेशन चलाए गए हैं। सरकार लगातार एजेंसियों को आधुनिक तकनीक और खुफिया जानकारी के जरिए मजबूत करने पर जोर दे रही है। Operation RAGEPILL भी इसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है।

नया लुक के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें  

खबरों में अपडेट रहना हमारी आदत है और सबसे आगे रहना मेरा जुनून। अब नया लुक ऐप भी ले आया है। आप सभी से अनुरोध है कि आप इसे अपना प्यार, दुलार और आशीर्वाद दें। आप सभी से निवेदन है कि मेरा न्यूज ऐप अपने अपने फोन में इंस्टॉल कर लीजिए। मैं आप सभी का आभारी रहूंगा…. https://play.google.com/store/apps/details?id=com.app.nayalooknews

ये भी पढ़े

अभी गर्मी और करेगी बेजार, देश में कई जगह पारा 47 डिग्री के पार

बिस्तर पर कपड़े उतारकर लेटो… हॉलीवुड एक्ट्रेस ने बताया इंडस्ट्री का काला सच

‘ए हंग्रीमैन हैज नो पॉलिटिक्स’

UP में ब्राह्मण वोटरों के लिये सजते सियासी गुलदस्ते

UP में ब्राह्मण वोटरों के लिये सजते सियासी गुलदस्ते

प्याज
Business homeslider National

जब प्याज बना चुनावी हथियार, भारतीय जनता पार्टी गई थी हार

इस बार सरकार ने प्याज की कीमत और भंडारण खुद करे को तैयार प्याज की कीमतों ने कई सरकारों की बदली किस्मत, जानिए पूरा इतिहास आशीष द्विवेदी/ नया लुक संवाददाता लखनऊ। भारत की राजनीति में प्याज सिर्फ एक सब्जी नहीं, बल्कि कई बार बड़ा चुनावी मुद्दा भी साबित हुआ है। बढ़ती कीमतों ने समय-समय पर […]

Read More
तमिलनाडु विधानसभा
Analysis homeslider National

सनातन पर हमले का ना खत्म होने वाला सिलसिला

12 मई 2026 को तमिलनाडु विधानसभा में एक ऐसा दृश्य देखने को मिला जिसने करोड़ों सनातनियों की भावनाओं को गहरी ठेस पहुँचाई। DMK नेता और नवनिर्वाचित नेता प्रतिपक्ष उदयनिधि स्टालिन ने विधानसभा में नये मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के सामने खड़े होकर यह कहा कि सनातन धर्म लोगों को बांटने का काम करता है, इसलिए […]

Read More
केरल
Analysis homeslider National

दिल्ली दरबार पर भारी पड़ा जमीनी नेता, केरल में सतीशन क्यों बने कांग्रेस का चेहरा

केरल की राजनीति में इस बार सिर्फ सरकार नहीं बदली, कांग्रेस की अंदरूनी ताकत का नक्शा भी बदल गया। दस वर्षों बाद सत्ता में लौटी यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट सरकार ने जब वीडी सतीशन को मुख्यमंत्री चुना तो यह फैसला केवल एक व्यक्ति को कुर्सी सौंपने का नहीं था, बल्कि कांग्रेस के भविष्य की राजनीतिक दिशा […]

Read More