
Project Awaaz 2026: जब बच्चों को अपनी बात कहने और अपनी सोच को खुलकर सामने रखने का मौका मिलता है, तो पढ़ाई उनके लिए ज्यादा आसान और मजेदार हो जाती है। इसी सोच के साथ SCERT पंजाब ने प्रोजेक्ट आवाज़ 2026 की शुरुआत की है। इसके तहत पंजाब के सभी 23 जिलों के 60 से अधिक कला शिक्षकों को आर्ट मेंटर्स के रूप में दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण दिया गया।

SCERT पंजाब के तहत यह कार्यक्रम स्लैम आउट लाउड के सहयोग से सिटीज़ राइज़ के नॉलेज पार्टनर के रूप में चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य कला के जरिए बच्चों में रचनात्मकता, आत्म-अभिव्यक्ति, आत्मविश्वास और सामाजिक-भावनात्मक कौशल बढ़ाना है। इसके तहत शिक्षक कला को सिर्फ एक विषय के तौर पर नहीं, बल्कि बच्चों को अपनी बात कहने और अपनी क्षमताओं को समझने के एक तरीके के रूप में इस्तेमाल करना सीखेंगे।
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प्रशिक्षण के दोनों दिनों में SCERT पंजाब की असिस्टेंट डायरेक्टर एवं स्टेट कोऑर्डिनेटर, गाइडेंस एंड काउंसलिंग डॉ. श्रुति शुक्ला मौजूद रहीं। उन्होंने कहा कि कला बच्चों को अपनी पहचान और अपनी आवाज़ तलाशने का मौका देती है। उन्होंने यह भी बताया कि इससे बच्चों को रचनात्मक क्षेत्रों और उनसे जुड़े करियर के विकल्पों को समझने में मदद मिल सकती है।
प्रशिक्षण के दूसरे दिन पिछले संस्करण में बेहतर काम करने वाले आर्ट मेंटर्स को सम्मानित किया गया। डॉ. रमित वासुदेव और राज्य कला समिति के सदस्य श्री नवजोत सिंह ने भी आर्ट मेंटर्स की सक्रिय भागीदारी की सराहना की। दो दिवसीय प्रशिक्षण का उद्देश्य आर्ट मेंटर्स को अपने जिलों में कार्यक्रम को बेहतर तरीके से चलाने और कला आधारित पढ़ाई को मजबूत करने के लिए तैयार करना रहा।
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