भूवैज्ञानिकों ने मानसा देवी की पहाड़ियों के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का किया सर्वेक्षण

Untitled 6 copy 4

देहरादून। उत्तराखण्ड भूस्खलन न्यूनीकरण एवं प्रबंधन केंद्र द्वारा हिंदू कुश-हिमालय क्षेत्र में आपदा-सक्षम विकास विषय पर आयोजित किए जा रहे पांच दिवसीय अंतरराष्ट्रीय तकनीकी प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत देश-विदेश के भूवैज्ञानिकों ने बुधवार को फील्ड विजिट कार्यक्रम के तहत हरिद्वार स्थित मानसा देवी की पहाड़ियों के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का अध्ययन किया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण एवं वित्तीय प्रशासन अनुसंधान संस्थान, सुद्धोवाला, देहरादून में उत्तराखंड भूस्खलन न्यूनीकरण एवं प्रबंधन केंद्र, विश्व बैंक तथा नॉर्वेजियन जियोटेक्निकल इंस्टिट्यूट के सहयोग से किया जा रहा है।

ये भी पढ़े

परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में सभी विद्यालयों की भागीदारी अनिवार्यः डाॅ. रावत

प्रतिभागियों द्वारा मानसा देवी क्षेत्र में भूस्खलन के उपचार और जोखिम न्यूनीकरण को लेकर विस्तार से मंथन किया गया। इस अवसर पर प्रतिभागियों ने वर्तमान में जारी ढाल स्थिरीकरण, भू-अन्वेषण, ड्रिलिंग तथा अन्य तकनीकी कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया और इन कार्यों की प्रगति एवं प्रभावशीलता को समझा। विशेषज्ञों के साथ हुई चर्चाओं में यह बताया गया कि किस प्रकार मौजूदा उपचारात्मक कार्य भूस्खलन के खतरे को कम करने में सहायक हैं तथा आगे किन अतिरिक्त उपायों को अपनाने की आवश्यकता है। साथ ही, दीर्घकालिक दृष्टिकोण से क्षेत्र को सुरक्षित बनाने के लिए वैज्ञानिक, व्यवहारिक एवं स्थल-विशिष्ट उपचार रणनीतियों पर भी विचार-विमर्श किया गया। इस अवसर पर मनसा देवी की पहाड़ियों के भूस्खलन क्षेत्र की भू-आकृतिक संरचना, ढाल स्थिरता की वर्तमान स्थिति, भूमि उपयोग पैटर्न, जल निकासी व्यवस्था, प्राकृतिक एवं मानवीय प्रेरक कारकों तथा मौजूदा ढाल स्थिरीकरण एवं सुरक्षा उपायों का गहन अवलोकन किया गया।

विशेषज्ञों के साथ हुई चर्चाओं में यह स्पष्ट किया गया कि इस प्रकार के स्थल-विशिष्ट क्षेत्रीय अध्ययन किस प्रकार प्रभावी भूस्खलन न्यूनीकरण उपायों, जैसे ढाल स्थिरीकरण कार्य, जल निकासी सुधार, निगरानी एवं चेतावनी प्रणालियों तथा दीर्घकालिक जोखिम न्यूनीकरण रणनीति की योजना एवं डिजाइन में सहायक होते हैं। नेपाल एवं भूटान से आए अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता ने भूस्खलन जोखिम प्रबंधन में बहु-एजेंसी एवं अंतर-देशीय सहयोग के महत्व को और अधिक रेखांकित किया। यह भी स्पष्ट किया गया कि भूस्खलन शमन उपायों की प्रभावी योजना, डिजाइन एवं क्रियान्वयन के लिए एकीकृत, समन्वित एवं बहु-विभागीय दृष्टिकोण अत्यंत आवश्यक है।

Spread the love

Akshay Kumar
Entertainment homeslider

मल्टी-स्टारर वेलकम टू द जंगल ने जीता दिल, सोशल मीडिया पर फिल्म की जमकर तारीफ

Akshay Kumar निर्देशक अहमद खान की बहुचर्चित फिल्म ‘वेलकम टू द जंगल’ आखिरकार 26 जून को सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। 2007 की सुपरहिट फिल्म ‘वेलकम’ का यह तीसरा भाग एक मल्टी-स्टारर एंटरटेनर है, जिसमें अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी, परेश रावल, राजपाल यादव और कई बड़े सितारे नजर आए हैं। फिल्म रिलीज होते ही […]

Spread the love
Read More
Morocco
Crime News homeslider

उत्तराखंड को दहलाने की साजिश! मोरक्को से भेजा गया धमकी भरा ईमेल, STF की जांच में बड़ा खुलासा

Morocco उत्तराखंड के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों केदारनाथ और बदरीनाथ समेत कई संवेदनशील स्थानों को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले ईमेल की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की साइबर कमांडो टीम की तकनीकी जांच में पता चला है कि यह धमकी भरा ईमेल उत्तरी अफ्रीकी देश मोरक्को से भेजा […]

Spread the love
Read More
Bank Holiday
Business homeslider National

आज से 30 जून तक कई राज्यों में बैंक रहेंगे बंद, RBI की छुट्टियों की पूरी लिस्ट देखें

Bank Holiday अगर आपको बैंक से जुड़ा कोई जरूरी काम निपटाना है तो पहले छुट्टियों की सूची जरूर देख लें। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI)  के हॉलीडे कैलेंडर के अनुसार, 26 जून से 30 जून 2026 के बीच देश के विभिन्न राज्यों में सरकारी और निजी क्षेत्र के बैंक अलग-अलग कारणों से बंद रहेंगे। इन पांच […]

Spread the love
Read More