
अदाणी ग्रुप का सबसे बड़ा Capex Plan
Adani Group Mega Capex Plan: अदाणी ग्रुप ने इंफ्रास्ट्रक्चर, एनर्जी और टेक्नोलॉजी सेक्टर में बड़े निवेश की तैयारी कर ली है। समूह अगले कुछ वर्षों में करीब 125 अरब डॉलर (लगभग ₹10.5 लाख करोड़) का पूंजीगत व्यय यानी Capex करने की योजना पर आगे बढ़ रहा है। यह भारत के कॉरपोरेट सेक्टर में निजी कंपनियों के सबसे बड़े निवेश कार्यक्रमों में से एक माना जा रहा है।
अदाणी पोर्टफोलियो ने वित्त वर्ष 2025-26 में ही ₹1,52,967 करोड़ का रिकॉर्ड Capex किया है। समूह के मुताबिक यह किसी भारतीय कॉरपोरेट द्वारा एक वित्त वर्ष में किया गया अब तक का सबसे बड़ा Capex है। करीब 80 फीसदी निवेश ऊर्जा, यूटिलिटीज, ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स जैसे कोर इंफ्रास्ट्रक्चर कारोबार में गया।
FY27 में और बढ़ेगा निवेश
समूह की महत्वाकांक्षी निवेश योजना के तहत आने वाले वर्षों में Capex की रफ्तार और तेज होने की उम्मीद है। इस निवेश का इस्तेमाल ट्रांसमिशन नेटवर्क, रिन्यूएबल एनर्जी, पोर्ट, एयरपोर्ट, डेटा सेंटर और अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के विस्तार में किया जाएगा। FY26 में रिकॉर्ड Capex के बाद अदाणी समूह अब अगले चरण के निवेश चक्र में प्रवेश कर चुका है। समूह ने बताया है कि कई बड़े प्रोजेक्ट्स पहले ही ऑपरेशनल हो चुके हैं, जिनमें रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता, बैटरी स्टोरेज, नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट और गंगा एक्सप्रेसवे जैसे प्रोजेक्ट शामिल हैं।
वेंडर्स को सिर्फ सप्लायर नहीं, स्ट्रैटेजिक पार्टनर बनाना चाहता है ग्रुप
एनालिस्ट्स के साथ बैठक में समूह के CFO ने संकेत दिया कि बढ़ते Capex के साथ अदाणी ग्रुप अपने वेंडर्स के साथ लंबे समय की रणनीतिक साझेदारी विकसित करना चाहता है। इसका मकसद ऐसे पार्टनर्स का नेटवर्क तैयार करना है जो बड़े और जटिल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स को तेजी से पूरा करने में सक्षम हों। समूह के बढ़ते निवेश से इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC), मैन्युफैक्चरिंग और पावर टेक्नोलॉजी से जुड़ी कंपनियों के लिए भी कारोबार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
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इन कंपनियों को मिल रहा फायदा
अदाणी समूह के बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश का असर शेयर बाजार में भी देखने को मिल रहा है। ट्रांसमिशन, पावर इक्विपमेंट और इंजीनियरिंग से जुड़ी कंपनियों को बड़े ऑर्डर मिलने से उनके ऑर्डर बुक मजबूत हुए हैं। Hitachi Energy India, BHEL और GE Vernova T&D India जैसी कंपनियां अदाणी समूह के ऊर्जा और ट्रांसमिशन विस्तार से जुड़े प्रोजेक्ट्स से लाभान्वित होने वाली कंपनियों में शामिल हैं। उदाहरण के तौर पर Hitachi Energy India ने FY26 में अपना ऑर्डर बैकलॉग ₹29,555.3 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर बताया था।
अदाणी ग्रुप का Capex बना बाजार की चर्चा
अदाणी समूह का यह निवेश कार्यक्रम सिर्फ समूह की कंपनियों के विस्तार तक सीमित नहीं है। इससे जुड़े कॉन्ट्रैक्टर, उपकरण निर्माता, इंजीनियरिंग कंपनियां और पावर टेक्नोलॉजी सप्लायर्स भी नए ऑर्डर और बढ़ती मांग का फायदा उठा सकते हैं। बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, अगर समूह की निवेश योजनाएं तय रफ्तार से आगे बढ़ती हैं तो इसका असर भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर और एनर्जी सप्लाई चेन पर व्यापक रूप से देखने को मिल सकता है। हालिया बाजार रिपोर्टों में भी अदाणी समूह के Capex को शेयर बाजार में कई कंपनियों के लिए संभावित ग्रोथ ट्रिगर के तौर पर देखा जा रहा है।
रिकॉर्ड निवेश के साथ मजबूत हुई एसेट बेस
FY26 के अंत तक अदाणी पोर्टफोलियो का कुल एसेट बेस बढ़कर करीब ₹7.85 लाख करोड़ हो गया। इसी दौरान समूह का EBITDA भी रिकॉर्ड ₹94,834 करोड़ रहा। कंपनी के अनुसार, उसके EBITDA का 87 फीसदी हिस्सा कोर इंफ्रास्ट्रक्चर कारोबार से आया।
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