अमेरिका से खाड़ी देशों का गुस्सा फूटा, ईरान से जंग के बीच आया नया मोड़

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नई दिल्ली। ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव ने अब खाड़ी देशों को भी असहज स्थिति में ला दिया है। खबरों  के मुताबिक खाड़ी क्षेत्र के कई देश अमेरिका के रवैये से नाराज हैं क्योंकि ईरान पर किए गए शुरुआती हमले से पहले उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई थी। अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए इस सैन्य अभियान के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए कई खाड़ी क्षेत्रों की ओर मिसाइल और ड्रोन हमले किए, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है।

खाड़ी देशों के कुछ अधिकारियों ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि उनकी सरकारें अमेरिका के इस फैसले से निराश हैं। उनका कहना है कि अमेरिका ने इजरायल के साथ मिलकर ईरान पर हमला करने से पहले अपने क्षेत्रीय सहयोगियों को भरोसे में नहीं लिया। इससे उन देशों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि खाड़ी देशों ने पहले ही अमेरिका को चेतावनी दी थी कि ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई का असर पूरे क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता पर पड़ सकता है। लेकिन अमेरिका ने इन चेतावनियों को गंभीरता से नहीं लिया। इस वजह से कई खाड़ी देशों में यह धारणा बन गई है कि इस सैन्य ऑपरेशन का मुख्य उद्देश्य इजरायल और अमेरिकी सैन्य ठिकानों की सुरक्षा था। जबकि खाड़ी देशों की सुरक्षा को उतनी प्राथमिकता नहीं दी गई।

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इस बीच अमेरिका की ओर से सफाई भी दी गई है। व्हाइट हाउस की प्रवक्ता एना केली ने कहा कि अमेरिका के सैन्य अभियान के बाद ईरान की जवाबी कार्रवाई काफी कमजोर हो गई है। उनके अनुसार, ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल हमले लगभग 90 प्रतिशत तक कम हो गए हैं। उन्होंने बताया कि “ऑपरेशन एपिक फ्यूरी” के तहत ईरान के कई मिसाइल और ड्रोन लॉन्च सिस्टम को नष्ट कर दिया गया है। व्हाइट हाउस का यह भी कहना है कि अमेरिकी प्रशासन लगातार अपने क्षेत्रीय साझेदार देशों के संपर्क में है और उनकी सुरक्षा को लेकर गंभीर है। हालांकि, कुवैत, बहरीन और सऊदी अरब जैसे देशों की सरकारों ने इस मामले पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। विश्लेषकों का मानना है कि इस घटनाक्रम से खाड़ी क्षेत्र की राजनीति और सुरक्षा समीकरणों पर गहरा असर पड़ सकता है। अगर अमेरिका और उसके सहयोगियों के बीच विश्वास में कमी आती है तो इसका प्रभाव पूरे मध्य पूर्व की रणनीतिक स्थिति पर पड़ सकता है।

 

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