लक्ष्मीपुर के एकमा डिपो से इंजन ले जाने पहुंची टीम को ग्रामीणों ने बैरंग लौटाया, पर्यटन विकास की उठी मांग

WhatsApp Image 2026 02 20 at 3.58.47 PM

 

  उमेश चन्द्र त्रिपाठी

महराजगंज! जनपद महराजगंज स्थित सोहगी बरवा वन्य जीव संरक्षण क्षेत्र में संचालित एशिया की सबसे पुरानी ट्राम्बे इंजन में से एक ऐतिहासिक ट्राम्बे इंजन को लेकर गुरुवार को बड़ा घटना-क्रम सामने आया। वर्ष 1924 से 1982 तक संचालित रही यह ट्राम्बे इंजन लक्ष्मीपुर स्थित एकमा डिपो से टेढ़ी घाट होते हुए जंगल चौराहा तक चलती थी। इसका संचालन उत्तर प्रदेश वन विभाग द्वारा वन संपदा, विशेषकर लकड़ी के परिवहन के लिए किया जाता था। इतिहास के पन्नों में दर्ज यह ट्राम्बे लाइन केवल वन विभाग के कार्यों तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके पूरे यात्रा मार्ग में पड़ने वाले ग्रामीणों की साप्ताहिक बाजार एवं आवश्यक वस्तुओं की जरूरतों को भी पूरा करता था। वर्षों तक यह ट्राम्बे क्षेत्र की आर्थिक और सामाजिक जीवनरेखा बना रहा।

बताया जा रहा है कि वर्तमान में संरक्षित ट्राम्बे इंजन, सैलून और अन्य सामग्री को उत्तर प्रदेश वन विभाग द्वारा भारतीय रेलवे को हस्तांतरित कर दिया गया है। इसी क्रम में गुरुवार को ठेकेदार एवं संबंधित अधिकारियों की टीम एकमा डिपो पहुंची और इंजन व अन्य सामान को अपने साथ ले जाने की तैयारी करने लगी। हालांकि, स्थानीय लोगों की तत्परता और कड़े विरोध के चलते टीम को बिना इंजन लिए ही बैरंग लौटना पड़ा। ग्रामीणों का कहना है कि यह ट्राम्बे महराजगंज की ऐतिहासिक धरोहर है, जिसे जिले से बाहर ले जाना क्षेत्र की पहचान को खत्म करने जैसा होगा। इसी मुद्दे को लेकर सामाजिक संगठन ‘देवदह रामग्राम बौद्ध विकास समिति’ का प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष जितेंद्र राव के नेतृत्व में एकमा डिपो पहुंचा।

ये भी पढ़ें

नया लुक के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें

एएनटीएफ यूनिट बाराबंकी: 55 लाख का अवैध गांजा बरामद, तीन तस्कर गिरफ्तार

 

समिति ने सरकार से इस कार्य को तत्काल रोकने की मांग करते हुए ट्राम्बे इंजन और संबंधित सामग्रियों को यहीं संरक्षित करने का आग्रह किया। समिति का प्रस्ताव है कि एकमा डिपो से देवदह बनर्सिहा होते हुए रामग्राम और चौक बाजार तक इस ऐतिहासिक ट्राम्बे लाइन को पर्यटन परियोजना के रूप में पुनः संचालित किया जाए। उनका कहना है कि इससे न केवल जिले की ऐतिहासिक पहचान को नया जीवन मिलेगा, बल्कि पर्यटन विकास के माध्यम से राजस्व में वृद्धि और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। समिति ने सोशल मीडिया के माध्यम से माननीय सांसद, माननीय मुख्यमंत्री एवं माननीय प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप कर इस धरोहर को संरक्षित करने की मांग की है। इस अवसर पर समिति के उपाध्यक्ष महेन्द्र जायसवाल, महामंत्री लक्ष्मी चन्द्र पटेल, संरक्षक अशोक जैसवाल, प्रहलाद गौतम, रोहित गौतम, पूर्व प्रधान एवं शिक्षक मनोज कनौजिया सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

 

Spread the love

Samajwadi Party
Politics Uttar Pradesh

भाजपा और मुख्यमंत्री PDA से घबराए: अखिलेश यादव

मुख्यमंत्री PDA को पाकिस्तान बताते है, तो भाजपा का मतलब भाग जाओ पाकिस्तान Lucknow : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि सिद्धांत कभी नहीं बदलता है। समाजवादी पार्टी का लक्ष्य समाजवादी विचारधारा और PDA के आन्दोलन से सामाजिक न्याय के राज की स्थापना करना है। हमारी लड़ाई जारी है। श्री […]

Spread the love
Read More
National Uttar Pradesh

रक्षाबंधन पर माताओं, बेटियों और बहनों को फ्री बस यात्रा की सौगात

27 की रात से 28 अगस्त की रात तक महिला यात्री और एक सहयोगी कर सकेंगे फ्री यात्रा Lucknow:  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रक्षाबंधन के अवसर पर प्रदेश की माताओं, बेटियों और बहनों को फ्री बस यात्रा का उपहार दिया है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि 27 अगस्त की रात से 28 अगस्त की रात […]

Spread the love
Read More
Sambhal
Uttar Pradesh

संभल में विदाई के दौरान भावुक हुए IPS केके बिश्नोई, मंच पर छलके आंसू; DM ने संभाला

Sambhal: उत्तर प्रदेश के संभल जिले में पुलिस अधीक्षक रहे IPS अधिकारी केके बिश्नोई की विदाई का समारोह भावुक कर देने वाला रहा। शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में अपने कार्यकाल और सहयोगियों को याद करते हुए बिश्नोई भावुक हो गए। संबोधन के दौरान उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। उनके साथ मंच पर मौजूद जिलाधिकारी […]

Spread the love
Read More