हरियाणा। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के मोहाली स्थित फोर्टिस अस्पताल में भर्ती होने के बीच सुरक्षा एजेंसियों को बड़ी धमकी मिली है। अस्पताल को बम से उड़ाने की चेतावनी देते हुए भेजी गई ई-मेल में दावा किया गया है कि मुख्यमंत्री को पोलोनियम नामक खतरनाक रेडियोएक्टिव पदार्थ से संक्रमित किया गया है। धमकी के बाद पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है।
अस्पताल और स्कूलों को मिली धमकी
जानकारी के अनुसार मोहाली के फोर्टिस अस्पताल को दोपहर करीब 1:11 बजे बम धमाके की धमकी मिली। ई-मेल में दावा किया गया कि अस्पताल से मुख्यमंत्री की “लाश ही बाहर निकलेगी”। इसके साथ ही मोहाली के 16 स्कूलों को भी धमकी भेजी गई, जिसके बाद एहतियातन बच्चों की छुट्टी कर दी गई। गौरतलब है कि आज से CBSE परीक्षाएं भी शुरू हुई हैं, जिसके चलते प्रशासन ने सुरक्षा और सतर्कता और बढ़ा दी है।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
धमकी मिलने के तुरंत बाद पंजाब पुलिस, इंटेलिजेंस एजेंसियों और सुरक्षा बलों ने अस्पताल को चारों ओर से घेर लिया। पांच बम निरोधक दस्तों को मौके पर तैनात किया गया है। मोहाली के एसपी दिलप्रीत सिंह के मुताबिक फिलहाल मुख्यमंत्री को दूसरे अस्पताल में शिफ्ट करने की कोई योजना नहीं है और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
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ई-मेल में क्या लिखा गया
‘हंटर फार्ले’ नाम से भेजी गई जीमेल आईडी से आई धमकी भरी मेल में अस्पताल और स्कूलों को निशाना बनाने की बात कही गई। मेल में पंजाब को खालिस्तान बताते हुए लोगों को बच्चों को सुरक्षित रखने और स्कूल बंद करने की चेतावनी दी गई। संदेश में यह भी लिखा गया कि “भाई दिलावर सिंह के वारिसों” ने मुख्यमंत्री को पोलोनियम से संक्रमित किया है और इसे कथित तौर पर पुराने एनकाउंटर का बदला बताया गया। मेल के अंत में खुद को “खालिस्तान नेशनल आर्मी” से जुड़ा बताया गया।
पहले भी मिल चुकी हैं धमकियां
इससे पहले अमृतसर, जालंधर, पटियाला, मोहाली और चंडीगढ़ के कई स्कूलों को बम धमकियां मिल चुकी हैं, जो बाद में फर्जी साबित हुईं। हालांकि इस बार मुख्यमंत्री का नाम सामने आने से सुरक्षा एजेंसियां मामले को बेहद गंभीरता से जांच रही हैं।
क्या है पोलोनियम?
पोलोनियम-210 दुनिया के सबसे घातक रेडियोएक्टिव पदार्थों में गिना जाता है। यह अल्फा विकिरण उत्सर्जित करता है और यदि खाने, पीने या सांस के जरिए शरीर में पहुंच जाए तो अंदरूनी अंगों और डीएनए को तेजी से नुकसान पहुंचा सकता है। इसी कारण इसे अत्यंत विषैला माना जाता है।
