पटना। बिहार की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी ने सियासी तापमान बढ़ा दिया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के बीच जुबानी जंग अब सोशल मीडिया तक पहुंच चुकी है। विधान परिषद में नीतीश कुमार द्वारा पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को “लड़की” कहे जाने के बाद शुरू हुआ विवाद अब और तीखा हो गया है। इसी क्रम में RJD ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बेहद आपत्तिजनक टिप्पणी कर दी, जिससे राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। RJD ने अपने आधिकारिक X हैंडल से पोस्ट करते हुए लिखा, “संवैधानिक पद पर बैठ महिलाओं के लिए अश्लील बातें करने वाला बिहार का बुड्ढा लड़का लोफर है।” इस टिप्पणी के सामने आते ही सत्तापक्ष ने इसे राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ बताया, वहीं विपक्ष इसे मुख्यमंत्री के बयान की प्रतिक्रिया करार दे रहा है।
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बयान से बयान तक बढ़ता विवाद
विवाद की शुरुआत उस समय हुई जब विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को “लड़की” कह दिया। इस बयान पर विपक्ष ने तुरंत आपत्ति जताई। RJD नेता रोहिणी आचार्य ने इसे महिलाओं का अपमान बताया, जबकि तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार पर मानसिक स्वास्थ्य को लेकर टिप्पणी करते हुए कहा कि वे “डिमेंशिया और अल्जाइमर” जैसी बीमारियों से ग्रस्त हैं। इसके बाद RJD की सोशल मीडिया पोस्ट ने इस विवाद को एक नए स्तर पर पहुंचा दिया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह विवाद अब मुद्दों की राजनीति से हटकर व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप में तब्दील हो गया है।
विधान परिषद में हंगामा, मार्शल तैनात
मंगलवार को बिहार विधान परिषद में इस मुद्दे को लेकर जबरदस्त हंगामा देखने को मिला। प्रश्नकाल के दौरान विपक्षी सदस्य लगातार नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन करते रहे। सभापति ने कई बार सदन की कार्यवाही को सुचारू रूप से चलाने की अपील की, लेकिन हंगामा थमने का नाम नहीं लिया। हालात बिगड़ते देख सभापति ने कड़ा कदम उठाते हुए मार्शल बुलाने का आदेश दिया और हंगामा कर रहे विपक्षी सदस्यों को पूरे दिन के लिए सदन से बाहर करवा दिया। सदन के बाहर भी विपक्षी नेताओं ने विरोध जारी रखा और सरकार के खिलाफ नारे लगाए।
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सदन में तीखी नोकझोंक
इस दौरान RJD नेता सुनील सिंह और मंत्री अशोक चौधरी के बीच तीखी बहस देखने को मिली। दोनों नेताओं के बीच व्यक्तिगत टिप्पणियों तक बात पहुंच गई। मंत्री अशोक चौधरी गुस्से में नजर आए, वहीं सुनील सिंह ने भी उन्हें “नौटंकीबाज” कह दिया। सदन का माहौल पूरी तरह से तनावपूर्ण हो गया।
राजनीतिक असर
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की भाषा और बयानबाजी से राजनीति का स्तर गिरता है और जनता के बीच गलत संदेश जाता है। आने वाले दिनों में यह विवाद और तूल पकड़ सकता है, खासकर तब जब सोशल मीडिया पर बयान तेजी से वायरल हो रहे हैं।
