प्रेम प्रसंग को लेकर सुर्खियों में रहे DIG जेल!

  • मुख्यालय से पहले नैनी सेंट्रल जेल में भी महिला बाबू के रहे काफी करीब
  • वरिष्ठ अधीक्षक कार्यालय में कुर्सी मेज लगवाकर कराया जेल का कार्य

लखनऊ। कारागार मुख्यालय में तैनात डीआईजी जेल मुख्यालय में ही नहीं इससे पहले भी प्रेम प्रसंगों को लेकर काफी सुर्खियों में रहे है। नैनी केंद्रीय कारागार में तैनाती के दौरान भी मृतक आश्रित कोटे से भर्ती हुई महिला बाबू से प्रेम को लेकर चर्चा में रहे। डीआईजी के यह प्रेम प्रसंग विभागीय अधिकारियों और कर्मियों में चर्चा का विषय बने हुए हैं। इसको लेकर तमाम तरह की अटकलें भी लगाई जा रही हैं। यह अलग बात है कि इस मसले पर विभाग के अधिकारी कोई भी टिप्पणी करने से बचते नजर आ रहे हैं।

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मिली जानकारी के मुताबिक कारागार मुख्यालय में तैनात डीआईजी का महिला बाबू से प्रेम प्रसंग का पहला मामला नहीं था। इससे पहले भी वह प्रेम प्रसंगों को लेकर सुर्खियों में रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि केंद्रीय कारागार में तैनाती के दौरान बतौर वरिष्ठ अधीक्षक रहने के दौरान उनका मृतक आश्रित कोटे से भर्ती हुई एक महिला बाबू से प्रेम हो गया था। बेखौफ वरिष्ठ अधीक्षक का इस महिला बाबू से इस कदर प्रेम हो गया कि उन्होंने पद की गरिमा को दर किनार कर महिला बाबू को अधीक्षक कार्यालय में बैठाने के कुर्सी मेज लगवा दी थी। महिला बाबू ने लंबे समय तक उसी कार्यालय में बैठकर सरकारी कार्यों को भी निपटाया। मामला जगजाहिर हो पाता इससे पहले ही मामले को रफा दफा करा दिया गया।

उल्लेखनीय है कि बीते दिनों विभाग में महिला प्रेम को लेकर सुर्खियों में रहने वाले इस डीआईजी ने राजधानी की एक जेल में मृतक आश्रित कोटे से भर्ती एक महिला बाबू को पहले कारागार मुख्यालय से संबद्ध कराया और कुछ समय बाद ही नियमों को दर किनार कर इस महिला बाबू को मुख्यालय में समायोजित तक करा दिया। इसी दौरान उन्होंने तेलंगाना में आयोजित होने वाली ऑल इंडिया प्रिजन मीट में होने वाली प्रतियोगिता के लिए बैडमिंटन टीम में महिला बाबू का चयन भी कर लिया। डीआईजी के महिला बाबू के चयन की भनक लगते ही मुख्यालय के कुछ अधिकारियों ने इसकी जानकारी विभाग के मुखिया को दे दी। मुखिया ने बैडमिंटन टीम के लिए चयनित की गई महिला बाबू का नाम काटकर डीआईजी के मंसूबों पर पानी फेर दिया था। नैनी केंद्रीय कारागार में महिला बाबू से प्रेम होने की पुष्टि विभाग के कई अधिकारियों ने की है। यह अलग बात है कि विभाग के अधिकारी इस मामले में कुछ भी बोलने से बच रहे हैं।

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महिला कर्मियों का शोषण करने से बाज नहीं आ रहे अफसर

पश्चिम के जेल पर हाल ही में तैनात हुए एक अधीक्षक जेल की कार्यप्रणाली महिला डिप्टी जेलर और महिला सुरक्षाकर्मियों के लिए मुसीबत का सबब बन गई है। सूत्रों का कहना है इस अधिकारी की अभद्रता और दुअर्थी भाषा को लेकर महिला कर्मचारी काफी परेशान है। मामला अनुशासन से जुड़ा होने की वजह से वह इस गंभीर मसले पर मौन धारण किए हुए हैं। बताया गया कि जब भी कोई महिला कर्मी अवकाश इत्यादि के लिए इसके पास जाती है तो वह इस कदर बेहूदे सवाल करता है जिसको लेकर महिला सुरक्षाकर्मी और डिप्टी जेलर शर्मशार हो जाती है। इस अधीक्षक के उत्पीड़न से महिला कर्मी ही नहीं पुरुष कर्मी भी काफी परेशान है।

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