दिन में इंडिकेटर नहीं जलाया तो कटेगा चालान, यूपी में ट्रैफिक पुलिस सख्त

UP Traffic Rules

UP Traffic Rules: उत्तर प्रदेश में यातायात नियमों को लेकर पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ अब लगातार कार्रवाई की जा रही है। खासतौर पर मोड़ लेते समय या लेन बदलते वक्त इंडिकेटर का इस्तेमाल नहीं करने वाले वाहन चालकों पर यातायात पुलिस की नजर है। पुलिस का कहना है कि इंडिकेटर का इस्तेमाल केवल रात में ही नहीं, बल्कि दिन के समय भी जरूरी है।

यातायात पुलिस के मुताबिक कई चालक सड़क पर अचानक मोड़ लेते हैं या बिना किसी संकेत के अपनी लेन बदल देते हैं। इससे पीछे और आसपास चल रहे वाहन चालकों को स्थिति समझने का पर्याप्त समय नहीं मिल पाता। ऐसे मामलों में टक्कर और गंभीर सड़क हादसे की आशंका बढ़ जाती है। इसी को देखते हुए पुलिस ने नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए अभियान तेज किया है।

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तीन दिन में 27 वाहनों पर कार्रवाई

अभियान के शुरुआती चरण में यातायात पुलिस ने बिना इंडिकेटर का इस्तेमाल किए वाहन मोड़ने वाले 27 चालकों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की है। इनमें 22 दोपहिया और पांच चारपहिया वाहन शामिल बताए गए हैं। पुलिस अब ऐसे वाहनों पर भी कार्रवाई करने की तैयारी में है, जिनके इंडिकेटर खराब हैं या काम नहीं कर रहे हैं।

अधिकारियों का कहना है कि वाहन में इंडिकेटर लगा होना पर्याप्त नहीं है। चालक को मोड़ लेने, दिशा बदलने या लेन बदलने से पहले समय रहते उसका इस्तेमाल करना भी जरूरी है। इससे पीछे चल रहे वाहन चालक को पहले ही संकेत मिल जाता है और वह अपनी गति या दिशा को सुरक्षित तरीके से नियंत्रित कर सकता है।

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अचानक लेन बदलने से बढ़ता है हादसे का खतरा

शहर की व्यस्त सड़कों पर अचानक लेन बदलना दुर्घटनाओं का एक बड़ा कारण बन सकता है। कई बार दोपहिया वाहन चालक पीछे आने वाले वाहनों को पर्याप्त संकेत दिए बिना सड़क की दिशा बदल देते हैं। कुछ चालक हाथ से इशारा करके वाहन मोड़ते हैं, लेकिन तेज यातायात, भीड़ या अन्य वाहनों के बीच यह संकेत हमेशा स्पष्ट दिखाई नहीं देता। ऐसे में वाहन चालकों के बीच दूरी कम होने के कारण अचानक ब्रेक लगाने या टक्कर होने की स्थिति बन सकती है। यातायात पुलिस का मानना है कि छोटे-छोटे नियमों का पालन करके सड़क हादसों के जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

नियम तोड़ने वालों पर जारी रहेगी कार्रवाई

डीसीपी यातायात नीरज पांडेय के अनुसार सड़क सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई भी की जा रही है। प्रदेश में सड़क हादसों को कम करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे ‘शून्य मृत्यु दर’ अभियान के तहत लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।

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