
Mayawati’s statement : बसपा अध्यक्ष मायावती ने अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे के कथित गबन और अनियमितताओं के मामले पर चिंता जताते हुए कहा है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन इस मुद्दे का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए। मायावती ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा कि अयोध्या में श्रीराम मंदिर के चढ़ावे से जुड़ी चोरी, गबन और हेराफेरी जैसी खबरें अत्यंत गंभीर और चिंताजनक हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में शामिल लोगों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।
उन्होंने सुझाव दिया कि देश के अन्य प्रमुख मंदिरों में चढ़ावे के लेखा-जोखा और प्रबंधन के लिए अपनाई जाने वाली पारदर्शी व्यवस्था को अयोध्या में भी लागू किया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की शिकायतों की पुनरावृत्ति न हो और विवाद का जल्द समाधान हो सके। मायावती ने आगे कहा कि देश में राजनीति का अपराधीकरण, अपराध का राजनीतिकरण, धर्म का राजनीतिकरण और राजनीति का अंध-धर्मीकरण संविधान की भावना के अनुरूप नहीं है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से जनहित में संयम बरतने और नागरिकों से भी इस मामले के राजनीतिकरण से बचने की अपील की।
इससे पहले 22 जून को मायावती ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों की तैयारियों का जिक्र करते हुए कहा था कि बहुजन समाज पार्टी द्वारा ब्राह्मण समाज सहित सवर्ण वर्ग के लोगों को पार्टी से जोड़ने और टिकट देने की रणनीति से विरोधी दल, विशेषकर समाजवादी पार्टी असहज हैं। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2007 की तरह इस बार भी ब्राह्मण समाज के सहयोग से बसपा पूर्ण बहुमत की सरकार बनाने में सफल हो सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि बसपा ने अपने “सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय” के सिद्धांत के अनुरूप ब्राह्मण समाज को सम्मान और भागीदारी दी है, जबकि अन्य दलों की सरकारों में यह वर्ग स्वयं को उपेक्षित और असुरक्षित महसूस करता रहा है।
गौरतलब है कि अयोध्या स्थित राम मंदिर में श्रद्धालुओं के चढ़ावे के प्रबंधन को लेकर हाल के दिनों में विवाद सामने आया है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दान राशि की गिनती और रखरखाव में कथित अनियमितताओं के आरोपों के बाद जांच शुरू की गई। जांच के दौरान कई लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है और कुछ आरोपितों को गिरफ्तार भी किया गया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि कथित अनियमितता किस स्तर पर हुई, कितनी धनराशि प्रभावित हुई और इसमें किन लोगों की भूमिका रही। मामले की जांच अभी जारी है। विपक्षी दलों ने इसे लेकर सरकार और मंदिर प्रबंधन पर सवाल उठाए हैं, जबकि सत्ता पक्ष का कहना है कि कानून अपना काम कर रहा है और दोषी पाए जाने पर किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।
नया लुक के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें
खबरों में अपडेट रहना हमारी आदत है और सबसे आगे रहना मेरा जुनून। अब नया लुक ऐप भी ले आया है। आप सभी से अनुरोध है कि आप इसे अपना प्यार, दुलार और आशीर्वाद दें। आप सभी से निवेदन है कि मेरा न्यूज ऐप अपने अपने फोन में इंस्टॉल कर लीजिए। मैं आप सभी का आभारी रहूंगा…. https://play.google.com/store/apps/details?id=com.app.nayalooknews
ये भी पढ़े
‘खेला खेला ना ये ननदो’ ने मचाई धूम, माही श्रीवास्तव और गोल्डी यादव की जोड़ी छाई
रामपुर में मुख्यमंत्री योगी का सपा-कांग्रेस पर वार
कैब से शुरू हुई लव स्टोरी का दुखद अंत, होमस्टे में युवती की संदिग्ध मौत
विदाई समारोह में बोले जनरल उपेंद्र द्विवेदी ,सेना की ताकत उसके जवान


One thought on “राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर मायावती ने सरकार को दी नसीहत, दोषियों पर कार्रवाई की मांग”
Comments are closed.