
शाश्वत तिवारी
In-span ‘इंडिया नेपाल स्टार्टअप पार्टनरशिप नेटवर्क’ (इन-स्पैन) के दूसरे बैच की शुरुआत हो गई है, जिसमें नेपाल के 25 स्टार्टअप्स का चयन किया गया है। यह कार्यक्रम काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास और IIT मद्रास प्रवर्तक के संयुक्त सहयोग से शुरू किया गया है। दोनों पड़ोसी मित्र देशों के बीच ये एक अनूठी सीमा-पार उद्यमिता पहल है, जो नेपाल के उभरते युवा उद्यमियों, इनोवेटर्स और शोधकर्ताओं को भारत के मजबूत तकनीकी और स्टार्टअप इकोसिस्टम से जोड़ती है।
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यह एक जून से 31 जुलाई 2026 तक चलने वाला कार्यक्रम है, जो भारत के चेन्नई स्थित IIT मद्रास के ‘IITM प्रवर्तक’ कैंपस में आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम को वर्चुअली संबोधित करते हुए, नेपाल में भारतीय राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने पहल की सराहना की और नेपाल के युवाओं को एडवान्स्ड भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
नेपाल स्थित भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर इसकी जानकारी देते हुए लिखा ये स्टार्टअप एआई, बायोटेक, क्लीनटेक, फिनटेक, हेल्थटेक, एग्रीटेक, ई-कॉमर्स, मोबिलिटी, मैन्युफैक्चरिंग और कंस्ट्रक्शन टेक, FMCG, एयरोस्पेस, आईओटी और सास जैसे क्षेत्रों से जुड़े हैं। दूतावास ने आगे लिखा कार्यक्रम को वर्चुअली संबोधित करते हुए, राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने इस विविध समूह की सराहना की और उन्हें भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम के साथ मिलकर काम करने के लिए प्रोत्साहित किया। अगले 8 हफ़्तों के दौरान, ये 25 स्टार्टअप एक गहन उद्यमिता प्रशिक्षण कार्यक्रम, एआई कौशल विकास, निवेश के लिए प्रस्तुतीकरण और अपने-अपने क्षेत्रों में भारतीय स्टार्टअप्स के साथ नेटवर्किंग/इंटर्नशिप के दौर से गुजरेंगे।
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पहले बैच की भारी सफलता को देखते हुए इस दूसरे बैच को जल्द ही शुरू किया गया है। प्रथम बैच के 24 स्टार्टअप्स में से नौ नेपाली स्टार्टअप्स को IIT मद्रास इनक्यूबेशन सेल की तरफ से सीधे इनक्यूबेशन और निवेश के प्रस्ताव मिले थे, जिसकी वैश्विक पोर्टफोलियो वैल्यूएशन 6 अरब डॉलर से अधिक है। अब दूसरे बैच के पास भी ऐसा ही सुनहरा मौका होगा और प्रतिभागियों को उद्योग जगत के दिग्गजों से सीधा मार्गदर्शन, केस स्टडीज और व्यावहारिक सीख मिलेगी।
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बता दें कि भारत अपनी ‘पड़ोसी प्रथम’ नीति के तहत शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे के विकास जैसे विभिन्न क्षेत्रों में नेपाल की निरंतर मदद करता रहता है। पिछले सप्ताह ही भारत सरकार के अनुदान के तहत नेपाल में 14 स्कूलों के निर्माण के लिए एक अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए थे। इसके अलावा पिछले हफ्ते नेपाल के मनांग में भारत की वित्तीय सहायता से बनने वाले एक अस्पताल भवन का शिलान्यास किया गया था।
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