16 मार्च को होने वाले राज्यसभा चुनाव के लिए Indian National Congress ने अपने छह उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। इस बार पार्टी ने सामाजिक संतुलन साधने की रणनीति अपनाते हुए आदिवासी, दलित, अल्पसंख्यक और सवर्ण समुदायों से प्रतिनिधित्व देने की कोशिश की है। खास बात यह है कि घोषित छह नामों में तीन सवर्ण चेहरे शामिल हैं, जिसे राजनीतिक हलकों में बड़ा दांव माना जा रहा है।
पार्टी ने वरिष्ठ नेता Abhishek Manu Singhvi को एक बार फिर उम्मीदवार बनाया है। वे पार्टी के प्रमुख कानूनी चेहरों में गिने जाते हैं और संसद में मुखर भूमिका निभाते रहे हैं। उनके साथ आदिवासी समाज से Phoolo Devi Netam को दोबारा मौका दिया गया है। दलित समाज से कर्मवीर सिंह बौद्ध और अल्पसंख्यक समुदाय से टी. क्रिस्टोफर को टिकट मिला है। सवर्ण समाज से वेम नरेंद्र रेड्डी और अनुराग शर्मा भी सूची में शामिल हैं।
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छत्तीसगढ़ से आने वाली फूलोदेवी नेताम को फिर मौका देकर कांग्रेस ने आदिवासी वर्ग में अपना संदेश मजबूत करने की कोशिश की है। 2013 के दरबा घाटी नक्सली हमले में घायल होने के बाद भी उन्होंने सक्रिय राजनीति जारी रखी, जिससे उनकी छवि एक मजबूत नेता के रूप में बनी।
हिमाचल प्रदेश से अनुराग शर्मा को उम्मीदवार बनाकर पार्टी ने ब्राह्मण मतदाताओं को साधने का संकेत दिया है। वहीं, तेलंगाना से वेम नरेंद्र रेड्डी को टिकट देना राज्य नेतृत्व की पसंद को तरजीह देने जैसा माना जा रहा है। तमिलनाडु में गठबंधन के तहत टी. क्रिस्टोफर को मौका देकर कांग्रेस ने ईसाई समुदाय तक अपनी पहुंच मजबूत करने का प्रयास किया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह सूची कांग्रेस की सामाजिक समीकरण साधने की रणनीति को दर्शाती है। आने वाले चुनावी परिदृश्य को देखते हुए पार्टी विभिन्न वर्गों को प्रतिनिधित्व देकर व्यापक समर्थन आधार तैयार करना चाहती है।
