- उसका शव अटरिया थाना क्षेत्र में पड़ा मिलने से इलाके हड़कंप
- लखनऊ पुलिस खोजती रह गई और हत्यारों ने निपटा दिया
- इस घटना से राजधानी लखनऊ तक फैली सनसनी
- इससे पहले गुडंबा पुलिस ने उसके भाई अरविंद यादव को मुठभेड़ के दौरान किया था लंगड़ा
- पुलिस कमिश्नर अमरेन्द्र कुमार सेंगर ने संजय की गिरफ्तारी के लिए घोषित कर रखा था 50 हजार रुपए का इनाम
- उसके खिलाफ कुल 18 आपराधिक मामले दर्ज बताए जा रहे हैं,
ए अहमद सौदागर
लखनऊ। यूपी में संगीन वारदात होने का सिलसिला थम नहीं रहा है। बीस सितंबर 2025 को गुडंबा इलाके के कुर्सी रोड पर स्थित चार नंबर चौराहे के पास कारोबारी अतुल कुमार जैन की लूट के दौरान हुई हत्या के मामले फरार चल रहे बीकेटी क्षेत्र निवासी संजय यादव का खून से लथपथ शव सोमवार सुबह सीतापुर जिले अटरिया थाना क्षेत्र में पड़ा मिलने से राजधानी लखनऊ तक हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की तो मृतक की पहचान बीकेटी निवासी हिस्ट्रीशीटर संजय यादव के रूप में हुई। बताया जा रहा है कि अटरिया पुलिस ने इसकी सूचना लखनऊ पुलिस को देने के साथ घरवालों को दी।
ये भी पढ़े
जानकारी के मुताबिक सीतापुर जिले के अटरिया थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह सुनसान जगह पर एक युवक की हत्या कर फेंकी गई लाश मिलने से इलाके में सनसनी फ़ैल गई। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन शुरू की तो मृतक की पहचान बीकेटी निवासी संजय यादव के रूप में हुई। स्थानीय लोग हत्या किए जाने की आंशका जता रहे हैं, जबकि पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही साफ होगा कि मौत कैसे हुई है। लखनऊ पुलिस की मानें तो संजय यादव हिस्ट्रीशीटर था और इसके खिलाफ कुल 18 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
लखनऊ पुलिस ने संजय की गिरफ्तारी के लिए 50 हजार रुपए का इनाम घोषित कर रखा था
बीते बीस सितंबर 2025 को गुडंबा क्षेत्र के कुर्सी पर स्थित चार नंबर चौराहे के पास चेन लूट के बाद लुटेरों को दबोचने के लिए पीछा कर कारोबारी अतुल कुमार जैन को बदमाशों ने धक्का देकर मौत की नींद सुला दिया था। इस मामले गुडंबा और डीसीपी पूर्वी की क्राइम टीम ने गुरुवार को मुठभेड़ के दौरान अरविंद यादव को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। DCP पूर्वी शशांक सिंह ने का दावा रहा कि इस घटना में शामिल अरविंद का भाई संजय यादव फरार हो गया है।
पुलिस अफसरों ने फरार चल रहे संजय यादव की गिरफ्तारी के लिए 50 हजार रुपए का इनाम घोषित कर रखा था। इस मामले में संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था बबलू कुमार ने बताया कि बीकेटी निवासी संजय यादव हिस्ट्रीशीटर है और उसके खिलाफ लूट के करीब डेढ़ दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। अटरिया थाना क्षेत्र में सोमवार को संजय यादव की लाश मिलने से लखनऊ पुलिस में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में अफसरों ने उसकी पहचान कराने के लिए पुलिस की एक टीम अटरिया के लिए रवाना किया है।
