चैत्र नवरात्रि विशेष: जागृत मान बाजार में नहीं बेचते मां दंतेश्वरी की मूर्तियां

Untitled 5 copy 13
  • बाजार में मिलेंगी सिर्फ मांई जी की आकर्षित तस्वीरें
  • मिट्टी और लकड़ी की प्रतिमाएं बनाने से बचते हैं कलाकार

हेमन्त कश्यप

जगदलपुर। आप देवी-देवताओं की विभिन्न प्रतिमाएं बाजार से खरीद सकते हैं, किंतु हजारों रूपये लेकर भी दंतेवाड़ा वाली माँ दंतेश्वरी की मूर्ति कहीं भी नहीं मिलेगी और न ही कोई कलाकार माता की प्रतिमा बनाकर आप को देगा। माँ दंतेश्वरी बस्तर की आराध्या के साथ साक्षात और जागृत माना जाता है, इसलिए यहां का कोई भी कारीगर मिट्टी, सीमेंट या लकड़ी से मांईजी की प्रतिमा बनाने की हिम्मत नहीं जुटा पाया है। पौराणिक मान्यता है कि माता सती का अधोदांत (नीचे का दांत) डंकनी और शंखनी नदी के संगम पर गिरा था, इसलिए हजारों वर्षों से यह स्थल मांई दंतेश्वरी शक्तिपीठ के नाम से चर्चित है।

विशेष फल प्राप्ति के लिए विशेष पूजन: अपनी राशि के अनुसार करें देवी की आराधना

सुरक्षित है पुरानी मूर्ति

713 साल पहले जब पांडव अर्जुन कुल के वारंगल नरेश अन्नम देव अपनी जान बचाने वहां में भागे थे। तब उनके सलाहकारों ने उन्हें सुझाव दिया था कि बस्तर के वनांचल में डंकनी और शंखनी नदी के संगम में हजारों साल पुराना मां दंतेश्वरी का मंदिर है और मां दंतेश्वरी आप की कुलदेवी भी है इसलिए आप को वहीं जाना चाहिए। अन्नम देव ने ऐसा ही किया। वे बीजापुर होते हुए दंतेवला (दंतेवाड़ा) पहुंचे और इस जर्जर मंदिर का जीर्णोद्धार करवाया था। यह बात दंतेवाड़ा मंदिर में स्थापित शिलालेख में भी उल्लेखित है। अन्नम देव वर्ष 1313 में अपनी कुलदेवी की अष्टधातु की जो प्रतिमा लेकर बस्तर आये थे। यह मूर्ति आज भी राजबाड़ा स्थित मां दंतेश्वरी मंदिर में सुरक्षित है। तब से आज तक मांई दंतेश्वरी को पूरा बस्तर जागृत मानता है।

शंका न करिए, शुक्रवार से शुरू करिए वासन्तिक नवरात्र व्रत

जागृत देवी की प्रतिमा बनाना कठिन

बाजार में माँ दुर्गा, सरस्वती, लक्ष्मी, गणेश, हनुमान, राम, कृष्ण आदि देवी-देवताओं की मूर्तियां धातु से लेकर लकड़ी में उकेरी हुई मिल जाएंगी, किंतु दंतेवाड़ा वाली माँ दंतेश्वरी की प्रतिमा की प्रतिमूर्ति यहां कोई नहीं बनाता। देऊरगांव के काष्ठ कारीगर रतिराम और घाटलोहंगा के शिल्पी गणेशराम बताते हैं कि माँ दंतेश्वरी की प्रतिमा बनाना मतलब जान जोखिम में डालना है। माँ दंतेश्वरी जागृत हैं, और जागृत देवी-देवताओं की प्रतिमा कैसे बनाई जा सकती है? इसलिए कहीं भी आपको दंतेवाड़ा वाली माँ दंतेश्वरी की प्रतिमा की प्रतिमूर्ति नहीं मिलेंगी और न ही कोई मूर्तिकार मिलेगा।

Untitled 7 copy
Health homeslider

अधिकांश लोगों की पहुंच से दूर है अस्थमा की यह जरूरी दवा…

विश्व अस्थमा दिवस 2026: हर मरीज तक Inhaler पहुंचाना सबसे बड़ी जरूरत लखनऊ। अस्थमा को भगाना है तो सही इनहेलर अपनाना है, इसी संदेश के साथ विशेषज्ञों ने विश्व अस्थमा दिवस पर जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया। इस वर्ष की थीम “अस्थमा से पीड़ित सभी लोगों के लिए एंटी इन्फ्लैमेट्री इनहेलर्स (Anti-Inflammatory Inhalers) की उपलब्धता, […]

Read More
Jharkhand High Court
homeslider Jharkhand

झारखंड हाई कोर्ट ने निजी भूमि मापी और सीमांकन करने से अंचल अधिकारियों को रोका

हाई कोर्ट ने कहा: यह काम अर्ध न्यायिक प्रकृति का है, जो सिविल कोर्ट के जरिए होना चाहिए, नया लुक ब्यूरो रांची। झारखंड हाईकोर्ट ने निजी जमीन विवादों में अंचल अधिकारियों (CO) द्वारा नापी और सीमांकन (Demarcation) करने पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है। अदालत का मानना है कि निजी भूमि का सीमांकन […]

Read More
Untitled 5 copy
homeslider National Politics West Bengal

भवानीपुर… ममता फुर्र जीत गए अधिकारी, हार गई ममता…जवाब दे गई जनता

नई दिल्ली। चार मई, दीदी गई। यह नारा बार-बार भारतीय जनता पार्टी (BJP) के आलाकमान और स्थानीय नेता दोहराया करते थे। लेकिन उन्हें भी यह कतई पता नहीं रहा होगा कि भवानीपुर सीट से ममता फुर्र हो जाएंगी। वहां की जनता ने ममता को करारा जवाब दिया है। भवानीपुर सीट से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शुवेंदु […]

Read More