तेहरान। ईरान के सुप्रीम लीडर मुज्तबा खामेनेई ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के शीर्ष कमांडर्स की हत्या के बाद कड़ा बयान जारी करते हुए साफ कर दिया है कि इससे देश की सैन्य शक्ति और लड़ाकों के हौसले पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि “हमारे लड़ाके इन शहादतों से डगमगाने वाले नहीं हैं और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, यह बयान IRGC के वरिष्ठ अधिकारी मेजर जनरल माजिद खादेमी की हत्या के बाद सामने आया है। खामेनेई ने जोर देकर कहा कि ईरान के सशस्त्र बलों की एकजुटता इतनी मजबूत है कि आतंकवाद और अपराध उनके संकल्प को कमजोर नहीं कर सकते।
‘हमारा मोर्चा अटूट और अडिग’
अपने लिखित बयान में खामेनेई ने कहा कि माजिद खादेमी ने दशकों तक खुफिया और रक्षा क्षेत्र में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा, “इस्लामी ईरान के योद्धाओं की अटूट कतारें और आत्म-बलिदान करने वाले सशस्त्र बल एक ऐसा मजबूत मोर्चा हैं, जिसे कोई भी ताकत दरका नहीं सकती। जिहादी आदर्शों के प्रति हमारा संकल्प अडिग है।
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खादेमी की मौत की पुष्टि तेहरान और इज़रायल दोनों की ओर से की गई है। इज़रायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने उन्हें इज़रायली नागरिकों की मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया। वहीं इज़रायली सेना ने कुद्स फोर्स की स्पेशल ऑपरेशंस यूनिट के कमांडर असगर बघेरी को भी मार गिराने का दावा किया है, हालांकि इस पर तेहरान की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
चरम पर पहुंचा ईरान-इज़रायल-अमेरिका तनाव
यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान, इज़रायल और अमेरिका के बीच तनाव अपने चरम पर है। फरवरी के अंत से जारी संघर्ष में इज़रायल द्वारा ईरान के कई वरिष्ठ सैन्य और राजनीतिक चेहरों को निशाना बनाए जाने की खबरें हैं। हालांकि बढ़ते दबाव के बावजूद ईरान पीछे हटने को तैयार नहीं दिख रहा। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार बातचीत और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने के लिए समयसीमा दे रहे हैं, लेकिन ईरान की ओर से अब तक कोई सकारात्मक संकेत नहीं मिला है। ट्रंप ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अगर अमेरिका चाहे तो “एक रात में ईरान को बर्बाद कर सकता है”, जिससे क्षेत्रीय तनाव और भी गहरा गया है।
