- पुलिस मामले की छानबीन में जुटी
ए अहमद सौदागर
लखनऊ। राजधानी लखनऊ हत्या कर शव फेंकें जाने का सिलसिला थम नहीं रहा है। बंथरा थाना क्षेत्र में खेत में पानी लगाने गए 30 वर्षीय किसान राजेन्द्र रावत की हत्या कर बदमाशों ने पुलिस को खुली चुनौती दे डाली। उनका शव शुक्रवार को अमावा जंगल में पड़ा मिलने से इलाके में सनसनी फ़ैल गई। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेकर छानबीन की, लेकिन यह पता नहीं चल पाया कि हत्या किसने और क्यों की। पुलिस घटना में किसी जानने वालों की भूमिका होने की आंशका जता रही है।
बंथरा क्षेत्र स्थित सहिजनपुर गांव निवासी 30 वर्षीय राजेन्द्र रावत खेती कर परिवार का जीवन यापन करते थे। बताया जा रहा है कि राजेंद्र कुमार गुरुवार रात खेत में पानी लगाने की बात कहकर घर से निकले थे, लेकिन वह सुबह तक घर नहीं लौटे।
घरवालों ने उनकी तलाश शुरू की लेकिन कामयाबी नहीं मिली। परिजन खोजबीन में जुटे थे कि शुक्रवार को उनका शव घर से कुछ दूरी पर स्थित अमावा जंगल में पड़ा मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन कर शव को कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की। मृतक के पीठ व शरीर के अन्य हिस्सों में मिले चोट के निशान से लगा रहा है कि जान बचाने के लिए राजेन्द्र ने कातिलों से लड़ा, लेकिन घुटने टेक कर रह गया।
राजेंद्र कुमार गुरुवार खेत की सिंचाई करने की बात कहकर घर से निकले थे। बताया जा रहा है कि उनकी मां खाना लेकर खेत गईं। खेत में राजेंद्र कुमार नहीं मिले। बताया जा रहा है कि खेत पर पहुंची राजेंद्र की मां ने ट्यूबवेल मालिक अशर्फीलाल से उसके बारे में पूछा। उन्होंने बताया कि राजेंद्र वहां आया ही नहीं था। परिजनों ने उसके मोबाइल पर संपर्क किया, लेकिन वह बंद मिला। काफी तलाश के बाद भी राजेंद्र का पता नहीं चला। शाम को राजेंद्र के पिता सुमित कुमार ने बंथरा थाने में उसकी गुमशुदगी की तहरीर दी। पुलिस हत्या की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन कर रही है। अभी हत्या किए जाने की वजह साफ नहीं हो सकी है। वहीं पुलिस घटना में किसी जानने वालों की भूमिका होने की भी संदेह जता रही है। पुलिस के मुताबिक इस मामले में कई बिंदुओं पर गहनता से जांच पड़ताल कर कातिलों की तलाश की जा रही है।
