पटना। बिहार के पटना से सटे बख्तियारपुर क्षेत्र में एक असामान्य घटना ने सबको चौंका दिया। अथमलगोला प्रखंड में कृषि विभाग की ब्लॉक टेक्निकल मैनेजर (BTM) अर्यमा दीप्ति 26 दिसंबर को अचानक गायब हो गईं। उनकी गुमशुदगी की खबर फैलते ही परिवार, विभाग और पुलिस में अफरा-तफरी मच गई। पति ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन मात्र कुछ घंटों में पुलिस ने उन्हें सारण जिले के मशरक क्षेत्र से सकुशल बरामद कर लिया।
पुलिस की प्रारंभिक जांच और पूछताछ से पता चला कि अर्यमा दीप्ति अपनी करीबी सहेली के जन्मदिन पर सरप्राइज देने के इरादे से छपरा गई थीं। यात्रा के दौरान उनका फोन डिस्चार्ज हो गया, जिससे परिवार से संपर्क पूरी तरह टूट गया। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि वे स्वेच्छा से गई थीं और किसी खतरे या दबाव में नहीं थीं। बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज में उन्हें एक युवक के साथ जाते देखा गया, जिसे उन्होंने पूछताछ में अपना चचेरा भाई बताया। लंबी पूछताछ के बाद पुलिस ने उन्हें सुरक्षित घोषित किया। हालांकि, ससुराल पक्ष की प्रतिक्रिया इससे विपरीत रही। अर्यमा की शादी हाल ही में 4 दिसंबर को हुई थी और हनीमून से लौटने के बाद वे ड्यूटी जॉइन कर चुकी थीं। ससुराल वालों ने पुलिस के सरप्राइज वाले बयान पर सवाल उठाए और अफेयर की आशंका जताई। उनका कहना था कि अगर सिर्फ सहेली से मिलना था तो पति या परिवार को क्यों नहीं बताया गया? इस घटना से परिवार की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची और तनाव बढ़ गया। सास की तबीयत भी बिगड़ गई, जिन्हें अस्पताल में भर्ती करना पड़ा।
सबसे दिलचस्प मोड़ तब आया जब पूछताछ पूरी होने के बाद अर्यमा पति के साथ ससुराल जाने के बजाय अपनी बहन के घर चली गईं। उन्होंने ससुराल लौटने से इनकार कर दिया, जिससे पारिवारिक मतभेद और गहरे हो गए। यह मामला अब निजी रिश्तों और विश्वास की कमी की ओर इशारा कर रहा है। पुलिस सभी तकनीकी साक्ष्यों, सीडीआर और सीसीटीवी की गहन जांच कर रही है। यह घटना नवविवाहित जोड़ों में संवाद की कमी और पारदर्शिता की आवश्यकता को उजागर करती है। समाज में ऐसे मामलों से पारिवारिक बंधन मजबूत करने की जरूरत महसूस हो रही है। उम्मीद है कि जांच से पूरी सच्चाई सामने आएगी और परिवार के मतभेद सुलझ जाएंगे।
