सितंबर में थोक महंगाई का बड़ा उछाल, दर 11.39% पर पहुंची

New Delhi

New Delhi: देश में थोक महंगाई ने सितंबर 2026 में तेज उछाल दर्ज किया है। विनिर्मित उत्पादों, ईंधन और खाद्य वस्तुओं की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित मुद्रास्फीति की दर बढ़कर 11.39 प्रतिशत पर पहुंच गई। वर्ष 2022-23 को आधार वर्ष मानकर तैयार की गई नई सीरीज में यह पहली बार है, जब थोक महंगाई दहाई अंक में दर्ज की गई है।

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से बुधवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त 2026 में थोक महंगाई दर 9.92 प्रतिशत थी। वहीं, सितंबर 2025 में यह दर शून्य से 0.2 प्रतिशत नीचे दर्ज की गई थी। एक साल के भीतर महंगाई में आया यह बड़ा बदलाव बाजार में वस्तुओं की लागत बढ़ने का संकेत देता है।

ये भी पढें

भारत-आसियान रक्षा सहयोग बढ़ाएंगे: राजनाथ सिंह

खाद्य वस्तुओं की महंगाई भी बढ़ी

सितंबर में खाद्य वस्तुओं की थोक महंगाई दर 8.66 प्रतिशत रही। प्राथमिक वस्तुओं के समूह में मुद्रास्फीति 8.67 प्रतिशत दर्ज की गई। इस श्रेणी में खाद्य पदार्थों की महंगाई 8.14 प्रतिशत, गैर-खाद्य उत्पादों की 10.28 प्रतिशत और खनिजों की 9.51 प्रतिशत रही। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि महंगाई का दबाव केवल खाने-पीने की वस्तुओं तक सीमित नहीं रहा, बल्कि अन्य प्राथमिक वस्तुओं की कीमतों में भी तेजी दर्ज की गई।

ईंधन और बिजली की कीमतों में बड़ा अंतर

ईंधन एवं बिजली श्रेणी में सितंबर के दौरान थोक महंगाई दर 25.85 प्रतिशत तक पहुंच गई। इस समूह में कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस की कीमतों में सबसे तेज सालाना वृद्धि दर्ज की गई। इनकी महंगाई दर 57.32 प्रतिशत रही। खनिज तेलों की कीमतों में 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई, जबकि कोयले और लिग्नाइट की महंगाई दर 9.31 प्रतिशत रही। इसके विपरीत, बिजली की कीमतों में सालाना आधार पर 0.43 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इससे पता चलता है कि ऊर्जा क्षेत्र के सभी घटकों में कीमतों का रुख एक जैसा नहीं रहा।

ये भी पढें

सोनू त्यागी ने द सनी शाह शो में बॉलीवुड और अध्यात्म पर की बात

विनिर्मित उत्पाद भी हुए महंगे

विनिर्मित उत्पादों की श्रेणी में सितंबर के दौरान महंगाई दर 9.76 प्रतिशत रही। कई औद्योगिक उत्पादों की कीमतों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। सामान्य धातु उत्पाद 16.96 प्रतिशत और रसायन एवं रासायनिक उत्पाद 16.74 प्रतिशत महंगे हुए। इसी तरह, कपड़ों की कीमतों में 13.85 प्रतिशत, रबर एवं प्लास्टिक उत्पादों में 13.47 प्रतिशत और तंबाकू उत्पादों में 12.90 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। बिजली के उपकरणों की कीमतें भी सालाना आधार पर 11.93 प्रतिशत बढ़ीं। विनिर्मित वस्तुओं की कीमतों में यह तेजी उद्योगों की लागत और बाजार में उत्पादों के दामों पर असर डाल सकती है।

पहली छमाही में औसत महंगाई 9.85 प्रतिशत

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही यानी अप्रैल से सितंबर 2026 के दौरान औसत थोक महंगाई दर 9.85 प्रतिशत रही। इस अवधि में ईंधन एवं बिजली समूह में औसत महंगाई 25.31 प्रतिशत, प्राथमिक वस्तुओं में 6.89 प्रतिशत और विनिर्मित उत्पादों में 8.08 प्रतिशत दर्ज की गई।

नया लुक के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें  

Google Play Store: https://play.google.com/store/apps/details?id=com.app.nayalooknews

ये भी पढें

नारद मुनि की कथा: किसके भाग्य से आता है घर में धन?

रिलायंस फाउंडेशन 10 लाख लड़कियों को देगा हुनर और करियर के अवसर

सोनू त्यागी ने द सनी शाह शो में बॉलीवुड और अध्यात्म पर की बात

One thought on “सितंबर में थोक महंगाई का बड़ा उछाल, दर 11.39% पर पहुंची”

Comments are closed.

New Delhi
Business

खुदरा महंगाई ने रिकॉर्ड तोड़े, मोदी सरकार अक्षमः तिवारी

New Delhi: राज्यसभा में विपक्ष के उपनेता प्रमोद तिवारी ने खुदरा मंहगाई में पिछले 23 माह के रिकार्ड को तोड़ते हुये उच्चतम दर को लेकर मोदी सरकार को अक्षम करार दिया है। सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा है कि महंगाई से सबसे ज्यादा देश की ग्रामीण आबादी प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि इसके […]

Read More
New Delhi
Business

LTCG टैक्स पर निर्मला सीतारमण का बड़ा बयान, शेयर बाजार में उछाल

New Delhi: शेयर बाजार में निवेश करने वालों के बीच लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स (LTCG) टैक्स एक बार फिर चर्चा का विषय बन गया है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट से पहले होने वाली चर्चाओं में इस टैक्स को हटाने से जुड़े सुझावों पर विचार करने की बात कही है। उनके इस बयान के […]

Read More
Mumbai
Business National

दृष्टिबाधितों को खबरों से जोड़ेगी नई पहल, हिंदी-मराठी ब्रेल अखबार अब हर सप्ताह

Mumbai: दृष्टिबाधित लोगों तक समाचार और जरूरी जानकारियां पहुंचाने के उद्देश्य से रिलायंस फाउंडेशन ने एक अहम पहल की है। फाउंडेशन के दृष्टि कार्यक्रम के तहत प्रकाशित होने वाले हिंदी और मराठी ब्रेल अखबार अब हर सप्ताह उपलब्ध होंगे। पहले इन अखबारों का प्रकाशन हर 15 दिन में किया जाता था। अब साप्ताहिक प्रकाशन होने […]

Read More