- पचास सालों से अपने ही बाल खा रही थी महिला
आगरा। कुछ ऐसी बीमारियां इंसानों में हो जाती हैं, जिनके बारे में सुकर लोग हैरान हो जाते हैं। ऐसी ही दुर्लभ बीमारी आगरा की एक महिला लगभग 50 साल से अधिक साल से ग्रसित है। ट्राइकोफैगिया नामक बीमारी से ग्रसित महिला 50 साल से अपने ही बाल नोंच कर खा रही थी। पेट में जब बालों का गुच्छा बन गया तोतो महिला को पेट दर्द और उलटी होने लगी। जिस पर परिजन ने महिला को शाहगंज क्षेत्र की साकेत कॉलोनी स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया। आगरा सर्जंस एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष और अस्पताल निदेशक डॉ. सुनील की देखरेख में सर्जरी की गई। बताया गया है कि तो महिला के पेट से बालों का बड़ा गुच्छा निकला है, जिसका वजहन करीब 760 ग्राम था।
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हेयर बॉल से हो गया था पाचन तंत्र ब्लॉक
डॉ। सुनील शर्मा ने बताया कि यमुनापार क्षेत्र से छह अक्टूबर 2025 को 62 वर्षीय महिला मरीज को लेकर परिजन आए, जिसके के पेट में दर्द था। महिला की एंडोस्कोपी की गई तो पेट में बालों का अवरोध दिखाई दिया। इसके बाद बुजुर्ग महिला की काउंसलिग की गई। जिसमें पता चला कि महिला मानसिक बीमारी ट्राइकोफैगिया ग्रसित है। डॉ। सुनील शर्मा ने बताया कि जांच रिपोर्ट के बाद महिला की तत्काल सर्जरी की गई। जिसमें ही बालों का गुच्छा पेट में फंसा मिला है। जिसकी वजह से खाना पचना बंद हो गया था। इसलिए, उसे लगातार उल्टियां कर रही थी। सर्जरी के बाद जब बालों का गुच्छा निकाल दिया तो अब महिला की हालत स्थिर है।
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ट्राइको फैगिया बीमारी में अपने बाल तोड़कर खाता है, डॉ. सुनील ने बताया कि महिला की बीमारी मानसिक स्थिति से जुड़ी है। जिसे मेडिकल की भाषा में ट्राइकोफैगिया (Trichophagia) कहते हैं। जिसमें व्यक्ति बार-बार अपने बाल तोड़ता है और उन्हीं टूटे बालों को खा जाता है। लंबे समय तक बाल खाने से पेट और आंतों में जमा होकर गुच्छे का रूप लेते हैं। जिसे ही ‘हेयर बॉल’ कहते हैं। जिससे ही धीरे-धीरे पाचन तंत्र ब्लॉक हो जाता है। यह बीमारी अक्सर बच्चों और किशोरों में देखी जाती है। अगर, ऐसा कोई मरीज है तो उसकी इलाज और काउंसलिंग कराएं। तुरंत मनोचिकित्सक से संपर्क करें।
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35 साल पहले भी पेट से निकला था बालों का गुच्छा
डॉ. शर्मा ने बताया कि आज से 35 साल पहले जब महिला की उम्र 27 साल थी, तब भी पेट दर्द और उलटी की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराई गई थी। जांच में महिला के पेट में तब भी बाल के गुच्छा दिखा था। जिस पर उसकी सर्जरी गई थी तो से बाल का करीब 200 ग्राम का गुच्छा निकाला था। सर्जरी के बाद महिला के परिजन को मानसिक रोग विशेषज्ञ से इलाज कराने की सलाल दी थी। पहली सर्जरी के कुछ दिन बाद दोबारा से महिला मरीज ने अपने ही बाल नोंच कर खाना शुरू कर दिया। जिससे पेट में बालों का गुच्छा बन गया। बालों के गुच्छा की वजह से महिला की आंतों में रुकावट आई और पेट दर्द के साथ ही उल्टियां हुए।
