लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सर्दी ने आज ऐसा असर दिखाया कि लोगों को यूरोप के ठंडे देश स्विट्जरलैंड की याद आ गई। मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदेश के कई जिलों में न्यूनतम तापमान 5 से 8 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है। खास बात यह है कि यूपी के पांच शहरों में तापमान लगभग उतना ही है, जितना इस समय स्विट्जरलैंड के मैदानी इलाकों में रहता है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, बुधवार सुबह प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में कड़ाके की ठंड देखने को मिली। सुबह-सुबह सड़कों पर धुंध, ठंडी हवा और गलन ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। कई जगहों पर लोग अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेते नजर आए।
इन 5 शहरों में सबसे ज्यादा ठंड
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, आजमगढ़ में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा। इसके अलावा गोरखपुर में 5.1 डिग्री, वाराणसी में 6.8 डिग्री, झांसी में 7.5 डिग्री और मुरादाबाद में 7.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इन शहरों में सुबह और देर रात ठंड का असर सबसे ज्यादा महसूस किया गया।

अन्य जिलों का हाल
प्रदेश के अन्य जिलों में भी ठंड ने अपना असर दिखाया। आगरा में 9.1, बरेली और बिजनौर में 8, मेरठ में 8.2, लखनऊ एयरपोर्ट पर 9.6 और प्रयागराज में 9.2 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। हालांकि ये आंकड़े स्विस लेवल से थोड़े ज्यादा हैं, लेकिन ठंड का असर यहां भी साफ नजर आया।
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स्विट्जरलैंड से क्यों हो रही तुलना?
स्विट्जरलैंड अपने ठंडे और संतुलित मौसम के लिए जाना जाता है। जनवरी और फरवरी में वहां तापमान अक्सर माइनस 2 से 7 डिग्री सेल्सियस के बीच रहता है। यूपी के कुछ शहरों में दर्ज तापमान इसी दायरे के करीब पहुंच गया है, इसी वजह से इसे ‘स्विट्जरलैंड जैसी सर्दी’ कहा जा रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक उत्तर प्रदेश में रात का तापमान कम ही रहने की संभावना है। सुबह के समय घना कोहरा और ठंडी हवाएं चल सकती हैं। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
