मऊ रेलवे स्टेशन पर मंगलवार की सुबह उस समय हड़कंप मच गया जब काशी एक्सप्रेस ट्रेन में बम होने की सूचना मिली। काशी एक्सप्रेस (15018) गोरखपुर से मुंबई लोकमान्य तिलक के लिए रोजाना चलती है और मंगलवार की सुबह 5:53 बजे गोरखपुर से यात्रियों को लेकर रवाना हुई।
सूचना मिलते ही रेलवे और पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया। ट्रेन को मऊ जंक्शन पर रोककर पूरी तरह खाली किया गया और दो घंटे तक सघन जांच की गई। मऊ जंक्शन पर ट्रेन आने से पहले ही एसपी इलामारन जी, एएसपी अनूप कुमार, आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक अजय सिंह और जीआरपी थानाध्यक्ष राजकपूर सिंह बम डिस्पोजल स्क्वाड के साथ मौजूद थे।
जांच के दौरान एक संदिग्ध बैग बरामद हुआ, लेकिन तकनीकी और सुरक्षा जांच के बाद उसमें किसी प्रकार का विस्फोटक नहीं पाया गया। रेलवे की टेक्निकल टीम ने भी बैग की गहन जाँच की। अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों को ट्रेन से बाहर निकालकर प्लेटफार्म पर लाइन में लगाकर व्यवस्थित रूप से जांच पूरी की गई। एसपी इलामारन जी ने कहा कि यह सूचना गलत पाई गई और रेलवे तथा पुलिस टीम ने सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की। यात्रियों को जांच पूरी होने के बाद दोबारा बोगियों में बैठाया गया और ट्रेन अपने निर्धारित समय से आगे की यात्रा के लिए रवाना हुई।

मौके पर मौजूद अधिकारियों ने बताया कि गलत सूचना देने वाले की तलाश शुरू कर दी गई है। ऐसे मामलों में सार्वजनिक सुरक्षा के लिए रेलवे और पुलिस दोनों सतर्क रहते हैं। काशी एक्सप्रेस में हुई यह जांच यात्रियों के लिए थोड़ी असुविधा लेकर आई, लेकिन प्रशासन ने सभी सुरक्षा उपायों को लागू किया। अधिकारी लगातार यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि यात्रियों की सुरक्षा पूरी तरह सुनिश्चित रहे।
घटना ने यह स्पष्ट कर दिया कि रेलवे प्रशासन और सुरक्षा बल किसी भी तरह की धमकी को गंभीरता से लेते हैं और यात्रियों की सुरक्षा के लिए तत्पर रहते हैं।
