देहरादून। उत्तराखंड के मौसम में अधिक बदलाव होता नहीं दिख रहा है। सीमांत जिले चमोली के नीति घाटी में बर्फबारी होने से निचले क्षेत्रों में ठिठुरन बढ़ गई है। घाटी में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। वहीं, देहरादून में सोमवार को अधिकतम तापमान अचानक पाँच डिग्री सेल्सियस बढ़ गया। प्रदेश में सूखी ठंड लगातार जारी है। हालांकि, मौसम विज्ञान केंद्र की भविष्यवाणी के बाद सोमवार को चमोली के नीति घाटी में बर्फबारी हुई। अगले कुछ दिनों तक मौसम साफ रहेगा। आगामी 13 दिसंबर से एक बार फिर मौसम का मिजाज बदल सकता है।
मैदानी क्षेत्रों के साथ ही पहाड़ों में भी अधिकांश जगह मौसम शुष्क रहा। जिससे पारे में वृद्धि दर्ज की गई। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आज से अगले कुछ दिनों तक प्रदेश में मौसम शुष्क बना रहेगा और न्यूनतम तापमान में गिरावट के आसार हैं। आगामी 13 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से पश्चिमी हिमालय में मौसम का मिजाज बदल सकता है। मैदानी क्षेत्रों में हल्का कुहासा तो पर्वतीय क्षेत्रों में पाला परेशान कर सकता है। देहरादून में शुष्क मौसम के चलते तापमान में वृद्धि होने से दिन के समय ठंड से राहत मिली, लेकिन सुबह और शाम के समय ठंड कंपकंपी छुटा रही है। पर्वतीय क्षेत्रों में भी दिन भर धूप खिली रही लेकिन शाम के समय सर्द हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी। पर्वतीय इलाकों में कहीं-कहीं आंशिक बादल भी मंडराते रहे।
चमोली में सोमवार की सुबह से ही बादल छाए हुए थे। दोपहर के समय बादल छंट गए और धूप निकल आई। दोपहर के बाद एक बार फिर मौसम खराब हो गया और नीति घाटी में तेज हवाओं के साथ बर्फबारी शुरू हो गई। नीति घाटी में इन दोनों लोग शीतकालीन प्रवास के लिए निचले इलाकों में चले जाते हैं। घाटी में इस समय सीमा की निगरानी के लिए सेना और आईटीबीपी के जवान और होम स्टे संचालक ही रहते हैं।
प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्र में कई दिनों से कड़ाके की ठंड पड़ रही है। वहीं, अब बर्फबारी होने से निचले इलाकों में भी ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। शाम होते ही हर कंपनी वाली ठंड पड़ रही है, जिसके चलते नगरपालिका ने जगह-जगह अलाव की व्यवस्था की हुई है। इस बार जलवायु परिवर्तन और मौसम के बदले पैटर्न का सीधा असर तापमान पर देखने को मिला। सोमवार को देहरादून का जबकि से पहले 8 दिसंबर 2017 में देहरादून का अधिकतम तापमान 26.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। उत्तराखंड में अक्टूबर नवंबर के महीने में बारिश न होने का असर तापमान पर भी पड़ रहा है। मौसम विज्ञानियों का मानना है कि बारिश न होने से तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। रात में न्यूनतम तापमान भी सामान्य के आसपास बना हुआ है। प्रदेश में बारिश का आंकड़ा भी फिलहाल शून्य है, जबकि 8 दिसंबर तक प्रदेश भर में 1.2 एमएम बारिश हो जाती है। इस बार बारिश के आसार नहीं दिख रहे हैं।
