Sawan festival

Litreture

रक्षाबंधन: प्यार की शक्ति का एहसास

•बलराम कुमार मणि त्रिपाठी सावन की पूर्णिमा श्रावणी मनती। मध्य सरोवर खड़े कमर भर जल में।। जड़ीबूटियों से अभिमंत्रित होकर। वेद मंत्र से ऋषिगण पर्व मनाते।।1।।   रक्षा बंधन की महिमा है न्यारी। युगों युगों से पुण्य पर्व है भारी।। पहले युग में राजा बलि सुविचारी। भुज बल में त्रिभुवन थी महिमा भारी।।2।।   डरे […]

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