- सिन्धी समाज का संकल्प अब सिन्धी भाषा में ही बात करेंगे
लखनऊ। हजरतगंज स्थित मोती महल लॉन में सोमवार को सिन्धी समाज ने बैठक में यह निर्णय लिया की सिन्धी भाषा को बढ़ावा देने व युवा वर्ग को घर घर में सिन्धी सीखना अनिवार्य है। इसके साथ ही सिन्धी समाज के हर प्रतिष्ठान पर ऑफिसों में अपने निजी वाहनों पर भी भगवान झूलेलाल की तस्वीर लगाई जानी चाहिए। बैठक में समाज के लोगों ने संकल्प लिया कि लखनऊ का सिन्धी समुदाय अब घर घर में और मोबाइल फोन पर सिन्धी/सिन्धी से अपनी मात्र भाषा में ही बात करेगा। उन्होंने बंगला देश में हो रहे हिंदुओं पर अत्याचार पर आक्रोश व्यक्त करते हुए केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने की मांग भी की गई।
मेला कमेटी प्रवक्ता अशोक मोतियानी ने बताया कि 26 जनवरी को होने वाले आयोजन में सिन्धी भाषा व संस्कृति उत्सव को अपने परिवार के साथ लखनऊ में जोरशोर के साथ मनाएगा। हरिओम मंदिर व चेट्टी चंद मेला कमेटी के पदाधिकारी सिंधी अकादमी के पूर्व उपाध्यक्ष नानक चंद लखमानी अध्यक्ष रतन मेघानी संरक्षक अशोक चांदवानी महामंत्री संजय जसवानी , मुरली धर आहूजा मोहनदास दास लदानी इंदर कालाणी, मदन कुकरेजा, प्रहलाद गुरनानी ने तैयारियों पर चर्चा कर अलवर राजस्थान की शहनाई संग सिन्धी संस्कृति और भाषा को युवाओ तक पहुंचने के लिए सिन्धी समुदाय इस बार मोती महल वाटिका के रिची रिच लॉन में सिन्धी वेशभूषा में सबसे अच्छे पारंपरिक पहनावे को सम्मानित कर पुरस्कृत किया जाएगा। बैठक में निर्णय लिया गया कि अच्छे कार्य करने वाले समाज के लोगों को सम्मानित भी किया जाएगा। बैठक में सभी ने 26 जनवरी पर होने वाले आयोजन पर अपने अपने सुझाव दिए साथ ही इसे भव्य बनाए जाने को लेकर चर्चा की गई।
