अंतरराष्ट्रीय हवाई यातायात पर पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर लगातार दिखाई दे रहा है। हाल ही में इंडिगो की दिल्ली से मैनचेस्टर जा रही एक उड़ान को टेकऑफ के लगभग सात घंटे बाद वापस लौटना पड़ा। यह विमान नई दिल्ली से ब्रिटेन के शहर मैनचेस्टर के लिए रवाना हुआ था।उड़ान भरने के बाद विमान ने सामान्य अंतरराष्ट्रीय मार्ग अपनाते हुए अरब सागर के ऊपर से उड़ान भरी और आगे बढ़ते हुए ओमान और संयुक्त अरब अमीरात के हवाई क्षेत्र के करीब पहुंच गया। लेकिन इसी दौरान क्षेत्र में जारी संघर्ष और कुछ देशों के एयरस्पेस बंद होने के कारण विमान को आगे बढ़ने की अनुमति नहीं मिल सकी।
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रिपोर्ट्स के अनुसार पश्चिम एशिया में ईरान और इज़राइल के बीच जारी तनाव के कारण कई देशों ने सुरक्षा कारणों से अपना हवाई क्षेत्र अस्थायी रूप से बंद कर दिया है। इसी वजह से कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को लंबा रास्ता अपनाना पड़ रहा है या उन्हें वापस लौटना पड़ रहा है। फ्लाइट ट्रैकिंग प्लेटफॉर्म के फ्लाइटराडार24 आंकड़ों के मुताबिक इंडिगो की फ्लाइट 6E33 ने लगभग सात घंटे की उड़ान के बाद इथियोपिया और इरिट्रिया की सीमा के पास यू-टर्न लिया और वापस दिल्ली लौट आई। इस दौरान विमान ने सक्रिय संघर्ष क्षेत्रों से दूर रहने के लिए वैकल्पिक मार्ग अपनाया था। एयरलाइन सूत्रों का कहना है कि यात्रियों और क्रू की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया। अंतरराष्ट्रीय विमानन नियमों के तहत यदि किसी क्षेत्र में सुरक्षा खतरा हो या एयरस्पेस बंद हो जाए तो एयरलाइंस को तुरंत मार्ग बदलना या उड़ान रोकनी पड़ती है।
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उधर दूसरी खबर में प्रयागराज से जुड़ा एक मामला भी चर्चा में है। बटुकों के कथित यौन शोषण के आरोपों में घिरे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। मामले के शिकायतकर्ता आशुतोष ब्रह्मचारी ने अदालत में एक प्रार्थना पत्र दाखिल कर स्वामी का पासपोर्ट जब्त करने और उनकी निगरानी बढ़ाने की मांग की है। शिकायतकर्ता ने Prayagraj की POCSO अदालत में यह याचिका दाखिल की। उनका दावा है कि स्वामी विदेश जाने की तैयारी कर रहे हैं और जांच प्रभावित कर सकते हैं। उन्होंने अदालत से यह भी अनुरोध किया कि स्वामी के विदेश यात्रा से जुड़े दस्तावेज जांच एजेंसियों के पास जमा कराए जाएं। फिलहाल अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद मामले में फैसला सुरक्षित रख लिया है।
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