कोरोना संक्रमण- तिहाड़ जेल प्रशासन ने 1100 कैदियों को पैरोल पर छोड़ा

  • जेल में कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा ज्यादा है

संजय कुमार तिवारी

नई दिल्ली। कोरोना संक्रमण के चलते सरकार तथा पुलिस प्रशासन हर परिस्थितियों पर नजर बनाये हुए हैं , ऐसे में एक खबर, दिल्ली के तिहाड़ जेल से आ रही है,खबर यह है कि जेल में कोरोना वायरस फैलने का डर है, इसीलिए तिहाड़ जेल पिछले कई हफ्तों से कैदियों को परोल दे रहा है. तिहाड़ जेल प्रशासन की तरफ से जारी एक बयान में बताया गया है, कैदियों को इमरजेंसी परोल देने का प्रोसेस लगातार जारी है।

इस परोल के पूरे प्रोसेस में सबसे ज्यादा वरीयता उन कैदियों को दी जा रही है, जिनकी उम्र 60 साल से ज्यादा है। क्योंकि उन्हें कोरोना का सबसे ज्यादा खतरा है। जानकारी के अनुसार अब तक परोल पर छोड़े गए 1100 कैदियों में 30 कैदी 60 साल से ज्यादा उम्र के हैं दिल्ली के अलावा देश के कई राज्यों में जेल से कैदियों को पैरोल पर छोड़ने का काम चल रहा है इसी कड़ी में पंजाब में भी कोरोना वायरस के चलते हजारों कैदियों को परोल पर छोड़ा गया है।

पंजाब सरकार हाल ही में ऐलान किया था कि 6 हजार कैदियों को तुरंत परोल पर छोड़ा जाएगा। इसके अलावा महाराष्ट्र और हरियाणा सरकार ने भी कैदियों को परोल देने का फैसला किया है। हरियाणा में जो कैदी पहले से परोल पर हैं। उन्हें 4 हफ्ते का एक्सटेंशन दिया जा रहा है. सरकार ने ऐसे कैदी जो 7 साल की सजा पर हैं, उन्हें 8 हफ्ते के परोल पर भेजने का फैसला किया है।

कोरोना वायरस फैलने की शुरुआत में ही सुप्रीम कोर्ट ने देशभर के राज्यों को इसे लेकर निर्देश जारी कर दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि, “जिन कैदियों को किसी भी मामले में 7 साल या फिर इससे कम की सजा दी गई है उन्हें परोल पर छोड़ा जा सकता है। सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेश एक उच्चस्तरीय समिति बनाकर इसे लेकर फैसला करें। ऐसे कैदियों को 6 हफ्ते की परोल दी जा सकती है। कोरोना वायरस की महामारी को रोकने के हर संभव फैसले लेने की जरूरत है।