सर्व मंगल मांगल्ये

डॉ दिलीप अग्निहोत्री

 लखनऊ । भारतीय चिंतन में सदैव सर्वमंगल की कामना की गई है। नवरात्र की अवधि में भी आराधना का यह भाव होता है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरक्षा धाम में इसी भावना के अनुरूप कलश स्थापना की।

वह अपने संवैधानिक दायित्वों के प्रति पूर्ण रूप से सजग और निष्ठावान है। इसके लिए वह लगातार मेहनत करते है। वह गोरक्षा पीठाधीश्वर भी है। इस रूप में भी उनके कतिपय आध्यात्मिक दायित्व भी है।

इसके लिए वह विशेष अवसरों पर कुछ समय निकलते है। लेकिन इसका मुख्यमंत्री पद के दायित्व निर्वाह पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है। योगी आदित्यनाथ अपने कार्यक्रम का इसी के अनुरूप निर्धारण करते है। नवरात्र के प्रथम दिन सुबह उन्होंने देवी पाटन धाम में पूजा अर्चना की।

फिर बलरामपुर में मिशन शक्ति का शुभारंभ किया। इसके प्रभावी क्रियान्वयन हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया। यहीं गौशाला का उद्घटान किया। इसके बाद वह गोरखपुर पहुंचे। यहां उन्होंने गोरक्षधाम में कलश स्थापना की।

सर्व मंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके शरण्ये त्र्यंबके गौरी नारायणी नमोस्तुते।।
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि माँ जगदंबा की आराधना के पर्व शारदीय नवरात्र के प्रथम दिवस आज गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित श्री दुर्गा मंदिर में कलश स्थापना कर नौ दिवसीय अनुष्ठान का शुभारंभ किया। देवी माँ के आशीर्वाद से अंत्योदय का संकल्प और लोककल्याण के हमारे प्रयास निश्चित ही सुफलित होंगे।
जय देवी माँ!