दो टूक :  क्या 2024 में फिर भाजपा की नैया पार लगायेंगे राम

राजेश श्रीवास्तव


इन दिनों देश में दो धु्रवों पर सियासत सिमटती नजर आ रही है। एक तरफ तो सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी है तो दूसरी ओर राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा। यात्रा का जब ऐलान हुआ और यात्रा की शुरुआत हुई तो BJP को लगा कि यह यात्रा भी कांग्रेस का फ्लाप शो साबित होगी। लेकिन जैसे-जैसे राहुल गांधी पैदल चलते गये वैसे-वैसे BJP हांफती गयी। यही कारण था कि राहुल गांधी जब यूपी पहुंचे तो यूपी के दोनों उपमुख्यमंत्रियों को प्रेसवार्ता कर बताना पड़ा कि राहुल गांधी की यात्रा फ्लाप है। ऐसा यूं ही नहीं हैं राहुल गांधी के साथ हर वर्ग का साथ आना, भीड़ का जुटना, राहुल गांधी का सधा संबोधन सब कुछ परेशानी बढ़ा रहा है। सत्ता के प्रभाव में भले ही BJP नेता यह स्वीकार न करें कि राहुल गांधी की यात्रा सफल है। लेकिन खुद संघ के नेताओं से लेकर राम मंदिर आंदोलन से जुड़े नेताओं व चंपत राय तक का यह कहना कि राहुल गांधी अच्छा काम कर रहे हैं, BJP की पेशानी पर बल पड़ने लगा है। इसी के चलते BJP ने इसकी काट निकाल ली है और इसका ऐलान खुद BJP के चाणक्य कहे जाने वाले अमित शाह ने त्रिपुरा में किया । उन्होंने ऐलान किया कि अगले वर्ष एक जनवरी को राम मंदिर का निर्माण पूरा हो जायेगा। यह ऐलान यूं ही नहीं है, BJP जानती है कि यही वह अस्त्र है जिससे BJP 2024 की नैया पार करायेगी। BJP को पहले भी राम से सत्ता मिली है।

 

राम मंदिर मुद्दे पर BJP और बाकी विपक्ष के बीच फिर से तलवारें खिच रही हैं। केंद्रीय मंत्री अमित शाह के मंदिर मुद्दे पर बयान के बाद कांग्रेस और आरजेडी के नेता इस पर बयान देते नजर आए। इससे BJP को राम मंदिर मुद्दे को लेकर विपक्ष पर हमला करने का मौका मिल रहा है। BJP चाहती भी यह है कि राम मंदिर का मुद्दा बना रहे। BJP के चाणक्य कहे जाने वाले अमित शाह 5 जनवरी को त्रिपुरा में थे। वहां वो पार्टी की रथ यात्रा शुरू करने गए थे। त्रिपुरा में फरवरी में चुनाव हैं। वहां अमित शाह ने अयोध्या में राम मंदिर 1 जनवरी 2024 में खोलने की घोषणा कर दी। यह घोषणा रणनीतिक थी। उसका असर भी हुआ। हालांकि खुद राम मंदिर ट्रस्ट ने कहा कि है नए बन रहे राम मंदिर में राम लाल की मूर्ति 15 जनवरी को रखी जाएगी और मंदिर की अभी एक मंजिल पूरी होने वाली है। लेकिन अमित शाह की घोषणा 2023 में 9 राज्यों में विधानसभा चुनावों और 2024 के आम चुनाव के मद्देनजर थी। BJP चाहती है कि तमाम राजनीतिक दल राम मंदिर पर बयान दें। हुआ भी वही। कांग्रेस और आरजेडी नेताओं के बयान सबसे पहले आए। अमित शाह का बयान तब आया था, जब आरएसएस से जुड़े लोगों ने राहुल की भारत जोड़ो यात्रा खुलकर समर्थन किया था।

इसमें राम मंदिर के मुख्य पुजारी बाबा सत्येंद्र दास और राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े चंपत राय हैं। इसके बाद अमित शाह का 1 जनवरी 2024 वाला बयान आया। बहरहाल, BJP को यह सब पसंद आ रहा है। उसके तमाम नेता राम मंदिर के मुद्दे पर विपक्ष को घेर रहे हैं। BJP के तमाम मंत्री और नेता अब इसी मुद्दे पर बयान दे रहे हैं। 2023 में नौ प्रदेशों में विधानसभा चुनाव हैं यानी 2023 का पूरा वर्ष तमाम राज्यों के चुनाव में बीतेगा। इसके बाद 2024 में आम लोकसभा चुनाव हैं। जिसमें मोदी बनाम राहुल की लड़ाई प्रधानमंत्री पद के लिए होना मानी जा रही है। ऐसे में BJP की बैठे बिठाए मुराद पूरी हो रही है। कि विपक्ष राम मंदिर की बहस को छेड़ बैठा है। लोकसभा चुनाव को लेकर BJP ने देशभर में बीते कुछ दिनों से अपनी तैयारियों की समीक्षा शुरू कर दी है। इस बीच पार्टी की तैयारियों की समीक्षा और संगठन के कामों की तेज करने का प्रयास हो रहा है। लेकिन अब यूपी में भारत जोड़ो यात्रा खत्म होने के बाद BJP ने यह जो एक बड़ा मास्टर स्ट्रोक चला है, उसने BJP के विरोधियों को भी सोचने पर मजबूर कर दिया है। BJP की अगर ये चाल कामयाब हुई तो विपक्ष का सारा प्लान फ़ेल हो सकता है।

दरअसल, ये पूरी कहानी की शुरूआत केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एक बयान से हुई है। जिसमें उन्होंने कहा कि राहुल बाबा, सबरूम से सुनिये, एक जनवरी 2024 तक भव्य राम मंदिर बनकर तैयार हो जायेगा । इस बयान के जरिए उन्होंने कन्याकुमारी से कश्मीर तक 3,500 किलोमीटर लंबी ‘भारत जोड़ो यात्रा’ निकाल रहे कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर सीधा हमला बोला है । अभी बात यहीं खत्म नहीं होती, अमित शाह के इस बयान के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सचिव चंपत राय ने एक और बयान दिया, जिसमें उन्होंने कहा कि मंदिर का निर्माण समय पर पूरा होगा और 2024 के जनवरी महीने में इसे भक्तों के लिए खोल दिया जाएगा।

राम मंदिर के लिए समारोह 2023 के दिसंबर में शुरू होंगे और 2024 में मकर संक्रांति (14 जनवरी) तक जारी रहेंगे। इन दोनों के बयान से स्पष्ट है कि राम मंदिर को लेकर तैयारी काफी तेजी से चल रही है। मंदिर का उद्घाटन जनवरी 2024 में तय है। हालांकि इस बीच ध्यान देने वाली बात ये है कि इसके करीब तीन महीने के अंदर ही लोकसभा चुनाव पूरे देश में कराएं जाएंगे। ऐसे में BJP फिर से राम मंदिर का उद्घाटन कर विपक्षी के तमाम प्लान को फ़ेल कर सकती है। वहीं इसके बाद देवेंद्र फडणवीस ने अपने बयान से बाकी कसर पूरी कर दी। उन्होंने कहा राहुल गांधी को अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर में दर्शन के लिए न्यौता दिया जाएगा। राहुल गांधी को राम मंदिर में दर्शन के लिए बुलाया जाएगा। यानी BJP सीधे तौर पर कांग्रेस और राहुल गांधी को राम मंदिर के मुद्दे पर घेरने की कोशिश कर रही है। इन सब मुद्दे को देख्ोंगे तो साफ है कि BJP ने 2024 में चुनावी वैतरिणी पार करने के लिए राम का सहारा तय कर रखा है, जो राहुल के भारत जोड़ो यात्रा पर शायद हिंदू-मुस्लिम की रणनीति को प्रभावी बनायेगा।

Raj Dharm UP

नियामक संस्थाओं और सरकार का चुप्पी साध लेना देश की जनता के लिए सबसे दुर्भाग्यपूर्ण समय : विकास श्रीवास्तव

लखनऊ। कांग्रेस प्रवक्ता विकास श्रीवास्तव ने कहा कि अमेरिकी रिसर्च फर्म हिंडनबर्ग की रिपोर्ट सामने आने के बाद भारत के मशहूर उद्योगपति गौतम अडानी की कंपनियों के शेयर में गिरावट का दौर जारी है। नियामक संस्थाओं और सरकार का चुप्पी साध लेना देश की जनता के लिए सबसे दुर्भाग्यपूर्ण समय है। वह भी जब देश […]

Read More
Raj Dharm UP

माघी पूर्णिमा स्नान पर्व के साथ कल्पवास का संकल्प पूर्ण

शाश्वत तिवारी सौभाग्य सर्वार्थ सिद्धि आयुष्मान के योग से युक्त माघी पूर्णिमा पर सुनहरे मौसम व खिलखिलाती धूप के बीच गंगा यमुना अदृश्य सरस्वती के संगम में लाखो श्रद्धालुओं ने पुण्य व आस्था की डुबकी लगायी। माघी पूर्णिमा स्नान पर्व के साथ ही कल्पवास का संकल्प पूर्ण हुआ तथा कल्पवासी अध्यात्मिक उर्जा एकत्र कर वर्षभर […]

Read More
Raj Dharm UP

फार्मा का बड़ा केंद्र बनकर उभरेगा उत्तर प्रदेश : योगी

योगी आदित्यनाथ दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे वाराणसी फार्मा सेक्टर के नेशनल सेमिनार में योगी हुए शामिल क्वालिटी के साथ समयबद्ध तरीके से करें काम, विश्व के फार्मा बाजार पर होगा भारत का राज वाराणसी । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फार्मा सेक्टर से जुड़े विशेषज्ञों, स्टेक होल्डर्स, उद्यमियों को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश में […]

Read More