बौद्ध भिक्षुक ने अखिलेश यादव काे पूर्ण समर्थन देने की घोषणा

लखनऊ। श्रमण संस्कृति रक्षा संघ भारत के बौद्ध भिक्षुक भन्ते के एक दल ने अखिलेश यादव से भेंट कर उनके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामना की। इसके अतिरिक्त बहुजन उत्थान पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री के.के. गौतम (एडवोकेट) ने प्रदेश में हो रहे उपचुनावों में समाजवादी पार्टी को पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की हैं।

अखिलेश यादव से  मिठाई लाल भारती और सुमित रत्न थेरा के नेतृत्व में भन्ते सर्वश्री कुशला धम्मों (सारनाथ), मंगल वर्धन (फर्रूखाबाद) रतन शील (मैनपुरी), कमल शील (रायबरेली) गिरिमा नंद (ललितपुर) एवं मिलिंद रत्न (बदायूं) ने भेंट की और मंत्रोच्चार के साथ यादव के स्वास्थ्य एवं दीर्घायु की कामना की। उन्होंने कहा कि अब अखिलेश  से ही उनको उम्मीदें हैं। सभी बौद्ध भिक्षु वैचारिक तौर पर आपके साथ हैं। महात्मा बुद्ध और डाॅ.अम्बेडकर की विचारधारा और उनके अनुयायियों का अखिलेश यादव पर भरोसा है। आप आगे बढ़े हमारा समर्थन आपके साथ है।

समाजवादी सरकार के समय किए गए विकासकार्यों का उल्लेख किया जिसमें नेपाल की सीमा पर सिद्धार्थ कपिलवस्तु में विश्वविद्यालय का निर्माण भी शामिल है। कपिलवस्तु में बौद्ध स्तूप क्षेत्र में बौद्ध भन्ते समुदाय को आवास भी रिए गए थे। उन्होंने परम् पावन दलाईलामा से संकिता (फर्रूखाबाद) में अपनी मुलाकात का भी जिक्र किया।

भारत में बौद्ध धर्म का विचार जन्मा यद्यपि भारत के बाहर इसका व्यापक प्रचार प्रसार हुआ है। बौद्ध धर्म ने मानवीय जीवनमूल्यों में समानता के व्यवहार का विचार भी दिया। भगवान बुद्ध ने अंधविश्वास का खण्डन किया। उनके द्वारा दिखाया गया अहिंसा और सत्य का मार्ग आज भी मानवता के लिए पथ प्रदर्शक है। करूणा, क्षमा और अपरिग्रह का संदेश भी उन्होंने दिया। उनकी शिक्षाएं आज भी हमें प्रेरणा देती हैं।