आयुष्‍मान योजना का लाभ गोल्‍डन कार्ड से ही संभव

  •  सूची में नाम देखकर शीघ्र ही बनवा लें परिवार के सभी सदस्‍यों का गोल्डन कार्ड
       जिले में 96 हजार के सापेक्ष अब तक मात्र 35 हजार ही बने हैं गोल्डन कार्ड

 

संतकबीरनगर। स्वास्थ्य विभाग ने अपील की है कि जिनका नाम आयुष्‍मान भारत योजना के तहत चयनित हो चुका है वह जल्द से जल्द अपना गोल्डन कार्ड बनवा लें। जनपद में 96 हजार लाभार्थी चयनित हैं। गोल्डन कार्ड बनवाने के लिए स्‍वास्‍थ्‍य विभाग की ओर से लगातार कैम्‍प लगाए जा रहे हैं।

 

जिले के अपर मुख्‍य चिकित्‍साधिकारी व आयुष्‍मान भारत के नोडल डॉ मोहन झा ने बताया कि जिले में प्रधानमन्‍त्री जन आरोग्‍य योजना के अन्‍तर्गत 76 हजार प्‍लास्टिक कार्ड व पत्र प्राप्‍त हुए थे। ये सारे कार्ड व पत्र लाभार्थी परिवारों को वितरित कर दिए गए हैं। कुछ लोग इसी प्‍लास्टिक कार्ड को गोल्‍डेन कार्ड समझ रहे हैं। लेकिन वह गोल्‍डेन कार्ड नहीं है।

गोल्डन कार्ड तभी बनेगा जब प्रधानमन्‍त्री का पत्र और प्‍लास्टिक कार्ड लेकर परिवार का मुखिया कामन सर्विस सेण्‍टर पर जाएगा। वहां पर परिवार के उन सभी व्‍यक्तियों का  अलग गोल्‍डेन कार्ड बनाया जाएगा।  पत्र पर लिखे सारे सदस्‍यों का गोल्‍डेन कार्ड बनना जरुरी है। चूकि जिस व्‍यक्ति का इलाज करना होगा, उसी का कार्ड मान्‍य होगा। कार्ड न रहने की दशा में राशन कार्ड और प्रधानमन्‍त्री के पत्र के जरिए सूचीबद्ध अस्‍पताल में भी कार्ड बनने के बाद ही इलाज होगा।

30 रुपए में बन जाएगा कार्ड

डीजीएम सर्वेश द्विवेदी ने बताया कि गोल्डन कार्ड कहीं भी कामन सर्विस सेण्‍टर पर बनवाए जा सकते हैं। कामन सर्विस सेण्‍टर पर गोल्‍डेन कार्ड बनवाने पर शासन के द्वारा निर्धारित शुल्‍क देना ही पड़ेगा।

शिविर भी संभव

आयुष्‍मान भारत के डीजीएम सर्वेश द्विवेदी ने बताया कि अगर किसी गांव में लाभार्थियों की संख्‍या अधिक है तो ग्राम प्रधान उनके मोबाइल नम्‍बर 7317365080 पर बात करें, वह वहां कैम्‍प लगवा देंगे।

सीएचसी, पीएचसी पर है सूची
जिले के सभी सीएचसी और पीएचसी पर उस क्षेत्र में आने वाले गावों के लाभार्थियों की लिस्‍ट पहुंचा दी गई है। लोग वहां पर जाकर अपने गांव की सूची में अपना नाम खोज सकते हैं।

इन्‍टरनेट पर भी देख सकते हैं  सूची
लाभार्थियों की सूची इण्‍टरनेट पर भी उपलब्‍ध है। वे गूगल  में जाकर अंग्रेजी में एमईआरएपीएम लिखें। इसके बाद जो पहला लिंक आएगा वही आयुष्‍मान भारत का लिंक होगा। उसे खोलने के बाद अपना मोबाइल नम्‍बर डालें तथा कैप्‍चा कोड डालें। एक वन टाइम पासवर्ड उनके मोबाइल पर जाएगा। उस पासवर्ड को डाल दें। इसके बाद आने वाले लिंक में राशनकार्ड, नाम और जनगणना के समय दिए गए मोबाइल नम्‍बर के आधार पर लाभार्थी परिवारों की सूची खोजी जा सकती है।

गोल्‍डेन कार्ड से मिलेंगी ये सुविधाएं

हर परिवार को प्रतिवर्ष 5 लाख रुपए तक का पूरी तरह से निशुल्‍क इलाज।
सरकारी व प्राइवेट चिकित्‍सालयों में होगा निशुल्‍क इलाज ।
कैंसर, हृदय रोग तथा अन्‍य सेकेण्‍डरी टर्सियरी की 1350 बीमारियां हैं शामिल।
इलाज के दौरान दवा, जांच, एक्‍सरे आदि पूरी तरह से होंगे निशुल्‍क ।
देश के अन्‍य राज्‍यों के सूचीबद्ध अस्‍पतालों में चिकित्‍सा सुविधा मिलेगी ।

चित्र परिचय –
डॉ मोहन झा, एसीएमओ आरसीएच